कुल्लू। हिमाचल प्रदेश में नशा तस्करी के मामलों में महिलाओं और युवतियों की संलिप्तता चिंता का विषय बनती जा रही है। प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में चरस और चिट्टे जैसे नशीले पदार्थों के साथ महिलाओं की गिरफ्तारी के मामले सामने आ रहे हैं। अब ताजा मामला पर्यटन नगरी कुल्लू के तोष क्षेत्र से सामने आया है, जहां पुलिस ने एक महिला को 2 किलो से अधिक चरस के साथ गिरफ्तार किया है। महिला के कब्जे से बरामद चरस की मात्रा 2.022 किलोग्राम बताई गई है। पुलिस की इस कार्रवाई को नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत अहम सफलता माना जा रहा है।

 

पुलिस की नजरों से बचकर चरस ले जाने की कोशिश कर रही महिला को बरशैणी-तोष सड़क मार्ग पर नाकाबंदी के दौरान पकड़ लिया गया। हालांकि, बरामद चरस की कीमत को लेकर पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक आंकड़ा जारी नहीं किया गया है, लेकिन इतनी बड़ी मात्रा में नशीला पदार्थ मिलने के बाद पुलिस अब इसके स्रोत और संभावित सप्लाई नेटवर्क की जांच में जुट गई है।

नाकाबंदी के दौरान महिला पर हुआ शक

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 22 अक्तूबर, 2026 को जिला डिटेक्शन सेल कुल्लू की टीम हिम ट्रैक/जै-जै धार क्षेत्र और बरशैणी-तोष सड़क पर पार्किंग के समीप गश्त कर रही थी। इसी दौरान पुलिस ने संदेह के आधार पर एक महिला को रोककर उसकी तलाशी ली। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से 2.022 किलोग्राम चरस बरामद हुई। नशीला पदार्थ मिलने के बाद पुलिस ने महिला को हिरासत में लेकर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी की उम्र 39 वर्ष बताई गई है। वह मूल रूप से नेपाल की रहने वाली है और वर्तमान में कुल्लू जिले के तोष गांव में रह रही थी।

 

कहां से लाई चरस और कहां होनी थी सप्लाई?

महिला के पास इतनी बड़ी मात्रा में चरस मिलने के बाद पुलिस अब इस मामले की अलग-अलग पहलुओं से जांच कर रही है। जांच का मुख्य केंद्र यह पता लगाना है कि आरोपी चरस कहां से लेकर आई थी और इसे आगे कहां पहुंचाया जाना था। इसके अलावा, इस नेटवर्क में अन्य लोगों की भूमिका होने की आशंका को ध्यान में रखते हुए भी छानबीन की जा रही है।

पुलिस थाना मनीकर्ण में आरोपी के खिलाफ स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ अधिनियम (NDPS Act) की धारा 20 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि आरोपी किसी बड़े तस्करी नेटवर्क से जुड़ी हुई थी या इस मामले में अन्य लोग भी शामिल हैं।

 

नशा तस्करी में बढ़ती महिलाओं की भूमिका

हिमाचल प्रदेश में नशे के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। चरस और चिट्टे की तस्करी के मामलों में महिलाओं की गिरफ्तारी भी सामने आती रही है। ऐसे मामलों ने नशे के अवैध कारोबार में महिलाओं की भूमिका और तस्करी के बदलते तरीकों को लेकर चिंता बढ़ाई है। हालांकि, किसी एक मामले के आधार पर महिलाओं और युवतियों की संलिप्तता में व्यापक बढ़ोतरी का निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता, लेकिन नशीले पदार्थों के साथ होने वाली हर गिरफ्तारी इस अवैध कारोबार पर प्रभावी रोक लगाने की जरूरत को रेखांकित करती है।

एसपी अभिषेक सेकर के नेतृत्व में अभियान जारी

कुल्लू के पुलिस अधीक्षक अभिषेक सेकर के नेतृत्व में जिला पुलिस नशा तस्करी पर अंकुश लगाने के लिए कार्रवाई कर रही है। पुलिस का कहना है कि नशीले पदार्थों की बरामदगी के साथ-साथ इनके स्रोत और सप्लाई चेन का पता लगाना भी जांच का अहम हिस्सा है। तोष क्षेत्र में महिला से चरस बरामद होने के बाद अब पुलिस की जांच इस बात पर केंद्रित है कि इस खेप के पीछे कौन-कौन लोग शामिल हो सकते हैं। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के तथ्यों और सामने आने वाले साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी।