Jalpaiguri School Mid-Day Meal Clash: पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी से एक बेहद हैरान करने वाला वाकया सामने आया है। शिक्षा के मंदिर में मिड-डे मील के चिकन और चावल ने ऐसा बवाल खड़ा किया कि छात्रों ने अपने ही हेडमास्टर को जमीन पर पटककर पीट दिया। इस शर्मनाक हंगामे के बाद शिक्षा विभाग ने सख्त कार्रवाई करते हुए हेडमास्टर का तबादला कर दिया है और बवाल काटने वाले 4 छात्रों को स्कूल से बाहर का रास्ता दिखा दिया है।

दावत में बवाल, चावल-चिकन की क्वांटिटी पर भड़के छात्र

8 सितंबर को जलपाईगुड़ी जिला स्कूल में टीचर्स डे के मौके पर एक खास दावत का इंतजाम किया गया था। बच्चों की खुशी के लिए मिड-डे मील के मेन्यू में चावल और चिकन शामिल किया गया था। लेकिन खाने की क्वांटिटी को लेकर कुछ छात्रों का पारा हाई हो गया। उनका इल्जाम था कि उन्हें मुर्गे का गोश्त और चावल बेहद कम मिकदार में परोसा गया है। इसी बात को लेकर स्कूल के भीतर तीखी बहस शुरू हो गई और देखते ही देखते इस विवाद ने हिंसक शक्ल अख्तियार कर ली।

हेडमास्टर को जमीन पर गिराकर पीटा, बिगड़ा स्कूल का सूरतेहाल

बहस इतनी ज्यादा बढ़ गई कि बेकाबू छात्रों और हेडमास्टर धर्मचंद बरुई के बीच हाथापाई की नौबत आ गई। आरोप है कि सबसे पहले हेडमास्टर ने गुस्से में आकर कुछ लड़कों पर हाथ उठाया था। इसके बाद लड़कों के हुजूम ने हेडमास्टर को दौड़ा लिया। बेखौफ लड़कों ने अपने ही गुरु को जमीन पर पटक दिया और उनके साथ सरेआम मारपीट की। इस खौफनाक हंगामे ने पूरे स्कूल के सूरतेहाल को बदतर कर दिया और पुलिस व प्रशासन को फौरन दखल देना पड़ा।

शिक्षा विभाग का सख्त एक्शन, गुरु और शिष्य दोनों पर गिरी गाज

मामला जब राज्य सरकार तक पहुंचा तो शिक्षा महकमे ने फौरन तहकीकात शुरू कर दी। स्कूल शिक्षा मंत्री दीपक बर्मन ने 11 सितंबर को खुद इस स्कूल का दौरा किया। शुरुआती तहकीकात में इस फसाद के लिए दोनों पक्षों को कुसूरवार माना गया।

नतीजतन हेडमास्टर धर्मचंद बरुई का मालबाजार के एक स्कूल में तबादला कर दिया गया है। इससे पहले उन्हें 9 सितंबर से 15 दिनों की छुट्टी पर भेज दिया गया था। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। दूसरी तरफ जिन 4 लड़कों पर मारपीट का इल्जाम था उन पर भी कोई रहम नहीं खाया गया। 11 सितंबर को इन चारों लड़कों को ट्रांसफर सर्टिफिकेट (TC) थमाकर जलपाईगुड़ी स्कूल से हमेशा के लिए निकाल दिया गया। हालांकि उनके भविष्य को देखते हुए उन्हें किसी दूसरे स्कूल में दाखिला लेने की इजाजत दे दी गई है।

जलपाईगुड़ी स्कूल बवाल की पूरी टाइमलाइन:

  • 8 सितंबर: मिड-डे मील में कम चिकन मिलने पर छात्रों और हेडमास्टर के बीच हिंसक झड़प।
  • 9 सितंबर: विवाद बढ़ने पर एक्शन, हेडमास्टर को 15 दिन की छुट्टी पर भेजा गया।
  • 11 सितंबर: मारपीट करने वाले 4 छात्रों को TC थमाकर स्कूल से निकाला गया, शिक्षा मंत्री ने किया दौरा।
  • आखिरी एक्शन: तहकीकात के बाद हेडमास्टर का मालबाजार के स्कूल में फाइनल ट्रांसफर।

FAQ

Q: जलपाईगुड़ी के स्कूल में बवाल की असल वजह क्या थी?

A: टीचर्स डे के मौके पर मिड-डे मील में छात्रों को कम क्वांटिटी में चिकन और चावल परोसा गया था जिसे लेकर यह पूरा बवाल शुरू हुआ।

Q: छात्रों ने गुस्से में आकर क्या खौफनाक कदम उठाया?

A: खाने की क्वांटिटी पर हुई बहस के बाद छात्रों ने बेकाबू होकर हेडमास्टर को जमीन पर गिरा दिया और उनके साथ मारपीट की।

Q: शिक्षा विभाग ने इस मामले में क्या कार्रवाई की?

A: शिक्षा विभाग ने हेडमास्टर का ट्रांसफर कर दिया और मारपीट करने वाले 4 छात्रों को TC देकर स्कूल से निकाल दिया है।