भारतीय रिजर्व बैंक की मौद्रिक नीति समिति की हालिया बैठक में रेपो रेट को 5.25 प्रतिशत से 0.25 फीसदी बढ़ाकर 5.50 प्रतिशत कर दिया गया है। रेपो रेट वह दर होती है जिस पर केंद्रीय बैंक देश के अन्य कमर्शियल बैंकों को लोन देता है। जब रेपो रेट बढ़ता है, तो बैंकों को आरबीआई से महंगी दर पर कर्ज मिलता है, जिससे देश के बैंकों से होम लोन समेत अन्य लोन लेना और उनकी मासिक किस्त भरना महंगा हो जाता है। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। रेपो रेट में इस बढ़ोतरी के तुरंत बाद देश के पांच प्रमुख बैंकों ने अपने होम लोन की सालाना ब्याज दरों में इजाफा कर दिया है, जिससे आम ग्राहकों पर सीधा वित्तीय प्रभाव पड़ेगा।

जिन पांच बैंकों ने अपनी ब्याज दरों में बढ़ोतरी की है, उनमें केनरा बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, यूको बैंक, पंजाब एंड सिंध बैंक और कर्नाटक बैंक शामिल हैं। पुरानी दरों यानी जब रेपो रेट 5.25% था, तब केनरा बैंक की होम लोन पर सालाना ब्याज दर 7.15% से 9.85% थी, जो अब नए रेपो रेट पर बढ़कर 7.20% से 10.00% हो गई है। इसी तरह बैंक ऑफ इंडिया की पुरानी दरें 7.10% से 10.00% थीं, जो अब बढ़कर 7.35% से 10.25% हो गई हैं। यूको बैंक की पुरानी ब्याज दरें 7.15% से 9.25% की जगह अब 7.40% से 9.50% हो चुकी हैं। पंजाब एंड सिंध बैंक की दरें पहले 7.25% से 9.15% थीं, जो अब बढ़कर 7.40% से 11.50% तक पहुंच गई हैं। वहीं कर्नाटक बैंक की बात करें तो इसकी पुरानी दरें 7.48% से 11.80% थीं, जो अब बढ़कर 7.51% से 11.83% हो गई हैं।

होम लोन की EMI पर इस बढ़ोतरी का कितना असर पड़ता है, इसे केनरा बैंक की न्यूनतम ब्याज दर के उदाहरण से आसानी से समझा जा सकता है। अगर कोई ग्राहक 30 लाख रुपये का होम लोन 30 साल की अवधि के लिए लेता है, तो पुरानी न्यूनतम ब्याज दर 7.15% के हिसाब से उसकी मंथली किस्त करीब 20,262 रुपये आती थी। इस दौरान 30 सालों में ग्राहक द्वारा कुल ब्याज करीब 42,94,393 रुपये चुकाया जाता था और मूलधन व ब्याज मिलाकर कुल भुगतान करीब 72,94,393 रुपये बनता था।

अब नई न्यूनतम ब्याज दर 7.20% होने के बाद उसी 30 लाख रुपये के 30 साल वाले होम लोन पर मंथली EMI बढ़कर करीब 20,364 रुपये हो गई है। इस नई दर के तहत ग्राहक को 30 साल की पूरी अवधि में कुल ब्याज के रूप में करीब 43,30,913 रुपये देने होंगे और कुल भुगतान करीब 73,30,913 रुपये का हो जाएगा।

इस तरह आंकड़ों का विश्लेषण करने पर पता चलता है कि केनरा बैंक से 30 लाख का लोन लेने वाले ग्राहक को अब हर महीने पहले की तुलना में 102 रुपये अधिक चुकाने होंगे। अगर इसे पूरे 30 साल यानी लोन की पूरी अवधि के हिसाब से देखें, तो ग्राहक को कुल मिलाकर करीब 36,520 रुपये का अतिरिक्त भुगतान करना पड़ेगा। रेपो रेट में हुई इस 0.25 फीसदी की बढ़ोतरी से आम लोगों के लिए होम लोन की किस्त भरना पहले के मुकाबले थोड़ा महंगा हो गया है।