Sunday, February 22, 2026
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खामेनेई और उनके बेटे को मारना चाहता है US, व्हाइट हाउस ने तैयार किया हमले का ब्लूप्रिंट!..

खामेनेई और उनके बेटे को मारना चाहता है US, व्हाइट हाउस ने तैयार किया हमले का ब्लूप्रिंट!..
खामेनेई और उनके बेटे को मारना चाहता है US, व्हाइट हाउस ने तैयार किया हमले का ब्लूप्रिंट!..

Trump plan to Khamenei assassination: मिडिल ईस्ट में हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं और पूरे इलाके में तनाव और भी बढ़ता जा रहा है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की मेज पर एक ऐसा प्रस्ताव रखा गया है जो न केवल ईरान, बल्कि पूरी दुनिया को दहला सकता है. रिपोर्टों के मुताबिक, व्हाइट हाउस अब केवल ईरान के परमाणु ठिकानों तक रुके रहने के मूड में नहीं है, बल्कि सीधे सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई और उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को हटाने के विकल्प पर विचार कर रहा है.

पेंटागन ने पिछले दो दशकों की सबसे बड़ी सैन्य तैनाती कर दी है और एयरक्राफ्ट कैरियर स्ट्राइक रेंज में आ चुके हैं. अब सवाल ये उठता है कि क्या ये सिर्फ दबाव बनाने की राजनीति है या दुनिया एक और बड़े युद्ध की कगार पर खड़ी है. आज हम इस खबर के बारे में डिटेल से जानेंगे.

मोजतबा खामेनेई को उनके पिता का उत्तराधिकारी माना जाता है. एक अन्य सूत्र के मुताबिक, ये योजना कुछ सप्ताह पहले राष्ट्रपति ट्रंप के सामने रखी गई थी, लेकिन अभी किसी भी अंतिम फैसले का खुलासा नहीं हुआ है.

सैन्य कार्रवाई पर कर रहे हैं विचार- ट्रंप
ट्रंप ने शुक्रवार को कहा कि वह सैन्य कार्रवाई पर विचार कर रहे हैं. जब उनसे पूछा गया कि क्या बातचीत के दौरान सीमित हमले किए जा सकते हैं, तो उन्होंने जवाब दिया कि ‘मैं कह सकता हूं कि मैं इस पर विचार कर रहा हूं.’ इससे पहले उन्होंने कहा था कि ईरान के साथ सौदा करने के लिए 10 से 15 दिन पर्याप्त होंगे.

युद्ध के लिए भी तैयार है ईरान
वहीं ईरान ने भी किसी भी तरीके के नतीजे पर तैयार रहने का इशारा किया है. विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि एक प्रस्ताव अगले दो-तीन दिनों में तैयार हो सकता है और गंभीर बातचीत लगभग एक सप्ताह में शुरू हो सकती है. उन्होंने साफ किया है कि ईरान कूटनीति के लिए तैयार है और जरूरत पड़ी तो युद्ध के लिए भी तैयार है.

20 सालों में सबसे बड़ी सैन्य तैनाती
इस बीच, पेंटागन ने पिछले 20 सालों में सबसे बड़ी सैन्य तैनाती की है. इसमें युद्धपोत, जेट्स और एयर डिफेंस सिस्टम शामिल हैं. दो अमेरिकी एयरक्राफ्ट कैरियर ईरान से कुछ दूरी पर तैनात किए गए हैं और कतर और बहरीन के महत्वपूर्ण ठिकानों से सैकड़ों सैनिकों को स्थानांतरित किया गया है.

विशेषज्ञों का कहना है कि ईरान के नेतृत्व को निशाना बनाने की कोशिश को तेहरान में अस्तित्व संकट के रूप में देखा जाएगा. यदि हमला होता है, तो ईरान ने पहले ही चेतावनी दी है कि अमेरिकी ठिकानों और संपत्तियों को वैध टारगेट माना जाएगा. इस स्थिति में बड़े और खतरनाक जंग की संभावना भी बन सकती है.

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