भारतीय डाक के करोड़ों ग्राहकों और डिजिटल सेवाओं का उपयोग करने वालों के लिए एक बेहद राहत भरी खबर है. अब अगर आप स्पीड पोस्ट, पार्सल या किसी अन्य डाक सेवा की बुकिंग कराने के बाद उसे किन्हीं कारणों से रद्द करते हैं, तो आपका पैसा नहीं डूबेगा. डाक विभाग ने नियमों में बड़ा संशोधन करते हुए बुकिंग कैंसल होने पर डाक शुल्क वापस करने यानी रिफंड देने की अनुमति दे दी है. इंडिया पोस्ट का यह कदम उसकी सेवाओं को अधिक कंस्टमर फ्रेंडली और ट्रांसपेरेंट बनाने की दिशा में एक बड़ा मील का पत्थर साबित होगा.

India Post ने जारी किया नोटिफिकेशन

एक आधिकारिक नोटिफ़िकेशन के अनुसार, इंडिया पोस्ट ने ऑनलाइन या काउंटर के जरिए की गई बुकिंग कैंसल होने पर पोस्टेज फीस रिफ़ंड करने की अनुमति दे दी है. नोटिफिकेशन के मुताबिक, जिन भेजने वालों ने वेब पोर्टल या मोबाइल ऐप के जरिए पोस्टल आइटम की बुकिंग खुद की है, वे पोस्ट ऑफ़िस द्वारा आइटम स्वीकार किए जाने से पहले बुकिंग कैंसल कर सकते हैं और पोस्टेज रिफंड का क्लेम कर सकते हैं. नोटिफिकेशन में कहा गया है कि पोस्ट ऑफिस काउंटर पर बुक किए गए आइटम के मामले में, भेजने वाला पोस्ट ऑफिस में बुकिंग कैंसल करने का अनुरोध कर सकता है या पोस्ट ऑफिस गलत डेटा एंट्री के कारण बुकिंग के ही दिन बुकिंग कैंसिल कर सकता है.

कुछ इस तरह बदले नियम

पोस्टल आइटम की बुकिंग कैंसिल होने पर पोस्टेज का रिफ़ंड, समयसमय पर डाक विभाग द्वारा जारी प्रशासनिक निर्देशों के अनुसार दिया जाएगा. नया नियम समयसमय पर जारी प्रशासनिक निर्देशों के अनुसार सेवाओं के निलंबन की स्थिति में भेजने वाले को पोस्टेज, विशेष फीस और एयर सरचार्ज रिफंड करने की अनुमति देगा. नोटिफाई किए गए नियम भेजने वाले को किसी भी कारण से बुकिंग ऑफ़िस से ‘अकाउंटेबल आउटवर्ड इंटरनेशनल पोस्टल आइटम’ वापस मंगाने की भी अनुमति देते हैं, जैसा कि प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों में कहा गया है.

नहीं ली जाएगी कोर्ई फीस

नोटिफाई किया गया नियम ‘अकाउंटेबल इनवर्ड इंटरनेशनल पोस्टल आइटम’ पाने वाले को पोस्टेज फ़ीस देकर डिलीवरी ऑफ़िस से आइटम को दूसरी जगह भेजने की सुविधा देता है. हालांकि, अगर नया पता उसी पोस्ट ऑफ़िस के डिलीवरी एरिया में है, तो कोई फीस नहीं ली जाएगी. नया नियम अंतरराष्ट्रीय आइटम भेजने वालों को विदेशी डेस्टिनेशन से आइटम वापस मंगाने या दूसरी जगह भेजने की भी अनुमति देगा, जो उस समय लागू प्रशासनिक निर्देशों के अनुसार संबंधित डाक प्रशासन की पॉलिसी के अधीन होगा.