Himachal Se: Guru Ki Drishti: गुरु ग्रह को तीन दृष्टियां प्राप्त हैं। किसी भी राशि में बैठकर गुरु पंचम, सप्तम और नवम दृष्टि से अलगअलग राशियों या भावों को देखते हैं। गुरु की दृष्टि को बेहद शुभ माना जाता है। वहीं जब गुरु अपनी राशियों धनुमीन या फिर अपनी उच्च राशि कर्क में बैठकर दृष्टि डालते हैं तो शुभता और भी अधिक बढ़ जाती है। इसलिए गुरु की दृष्टि धनुमीन और कर्क में अमृत दृष्टि बन जाती है। गुरु ग्रह 2 जून को मिथुन राशि से निकलकर कर्क राशि में गोचर कर जाएंगे। इसलिए वृश्चिकमकर सहित 3 राशियों पर गुरु की अमृत दृष्टि पड़ेगी। इन राशियों को जीवन में कैसे परिणाम प्राप्त हो सकते हैं, आइए जानते हैं।

वृश्चिक राशि
गुरु ग्रह कर्क राशि में बैठकर पंचमी दृष्टि से वृश्चिक राशि को देखेंगे। इसलिए वृश्चिक राशि के जातकों को जीवन में बेहद सुखद बदलाव देखने को मिल सकते हैं। शिक्षा के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि इस राशि के जातक प्राप्त कर सकते हैं। धन लाभ के नए स्रोत वृश्चिक राशि वालों को मिलेंगे। कुछ लोगों अटका धन भी वापस मिल सकता है। गुरु ग्रह पंचम दृष्टि से आपके प्रेम जीवन में भी बहार ला सकते हैं। पारिवारिक जीवन में गुणवत्तापूर्ण समय आप बिता सकते हैं। विदेशी कारोबार से लाभ मिलने के योग हैं।
मकर राशि
मकर राशि पर गुरु की सप्तम दृष्टि पड़ेगी। मकर वालों को सामाजिक स्तर पर ख्याति इस दौरान मिल सकती है। साथ ही साझेदारी में कारोबार करने वालों को जबरदस्त धन लाभ मिल सकता है। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। कोर्टकचहरी के मामलों में इस राशि के जातक सफलता प्राप्त कर सकते हैं। कुछ लोगों की कोई रचना सोशल मीडिया पर वायरल हो सकती है। आपके अधूरे काम भी पूरे होंगे। मकर राशि के जातकों के वैवाहिक जीवन में भी बेहद सुखद बदलाव गुरु के कर्क राशि में गोचर के बाद आ सकते हैं।
मीन राशि
मीन राशि के स्वामी ग्रह गुरु ही हैं और कर्क राशि में बैठकर नवम दृष्टि से मीन राशि को देखेंगे। ऐसे में धार्मिक कार्यों में इस राशि के जातकों की रुचि बढ़ सकती है। कारोबार और नौकरी के क्षेत्र में मीन राशि के जातक प्रगति करेंगे। कुछ लोगों को संतान पक्ष से बड़ी खुशखबरी मिल सकती है। आपके मानसम्मान में भी वृद्धि देखने को मिलेगी। गुरु की दृष्टि के चलते आप धार्मिक और आध्यात्मिक क्षेत्र से जुड़े लोगों से मुलाकात कर सकते हैं। मानसिक रूप से भी आपको अच्छे बदलाव देखने को मिलेंगे।



