
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उसने अपने ताजा मिसाइल हमले में इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के ऑफिस को निशाना बनाया है। IRGC का कहना है कि यह एक ‘सरप्राइज’ हमला था, जिसमें इजरायली वायु सेना के कमांडर के ठिकाने पर भी अटैक किया गया। ईरान टाइम्स के मुताबिक, IRGC ने दावा किया है कि इस हमले के बाद नेतन्याहू का कुछ पता नहीं है और उनकी हालत ‘अस्पष्ट’ है।
IRGC पब्लिक रिलेशंस ने कथित तौर पर कहा, “अपराधी इजरायली पीएम, नेतन्याहू के ऑफिस और इजरायली वायु सेना के कमांडर के ठिकाने पर 10वीं लहर के दौरान खेबर शेकन बैलिस्टिक मिसाइलों से टारगेटेड और सरप्राइज हमला किया गया।”
यह हमला ईरान, इजरायल और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के बीच हुआ है। इस जंग का दायरा अब पूरे मिडिल ईस्ट में फैलता दिख रहा है, जिसमें तेहरान समर्थित मिलिशिया भी शामिल हो गए हैं।
ईरान ने इजरायल और कई अरब देशों पर मिसाइलें दागीं, जबकि हिजबुल्लाह ने लेबनान से इजरायल पर रॉकेट और ड्रोन से हमला किया। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। जवाब में, इजरायल ने बेरूत के दक्षिणी उपनगरों और दक्षिणी लेबनान में भारी हवाई हमले किए। लेबनानी अधिकारियों ने कम से कम 31 मौतों की सूचना दी है। इजरायल ने 100,000 से ज्यादा रिजर्व सैनिकों को तैनात किया है और लंबी लड़ाई की चेतावनी दी है।
यह तनाव तब और बढ़ गया जब अमेरिका-इजरायल के हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई मारे गए। ईरानी अधिकारियों का कहना है कि युद्ध शुरू होने के बाद से सैकड़ों लोग मारे गए हैं। ईरानी रेड क्रिसेंट ने 131 शहरों में कम से कम 555 मौतों की रिपोर्ट दी है।






