भारत में कई आपराधिक मामलों में वांछित गैंगस्टर हिमांशु भाऊ को अमेरिका में गिरफ्तार किया गया है. अमेरिकी जांच एजेंसी FBI ने उसे शुक्रवार, 23 अक्टूबर को पकड़ा. हिमांशु भाऊ हरियाणा और दिल्ली पुलिस की मोस्ट वांटेड की लिस्ट में था. यानी पुलिस को उसकी लंबे समय से तलाश थी. उसके खिलाफ इंटरपोल ने भी रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया था. यह नोटिस दूसरे देशों की पुलिस को किसी वांछित आरोपी का पता लगाने और उसे गिरफ्तार करने में मदद करता है.

गैंगस्टर हिमांशु भाऊ अमेरिका के लास वेगास में गिरफ्तार हुआ. हरियाणा STF के इनपुट पर अमेरिका में कार्रवाई हुई. अमेरिकी एजेंसी ICE की मदद से हिमांशु भाऊ को गिरफ्तार किया गया. हरियाणा STF हिमांशु भाऊ को भारत डिपोर्ट कराने के लिए केंद्रीय एजेंसियों के साथ USA के संपर्क में था. अमेरिका में ICE के तहत काम करने वाली ERO डिवीजन इमिग्रेशन कानूनों के उल्लंघन के मामलों में हिरासत और देश से निष्कासन की कार्रवाई करती है.
हिमांशु भाऊ पर हत्या, हत्या की कोशिश, अपहरण, फिरौती मांगने और गिरोह चलाने जैसे गंभीर आरोप हैं. उसके खिलाफ दिल्ली, हरियाणा और उत्तर प्रदेश में कई मामले दर्ज हैं. उसकी गिरफ्तारी को भारतीय एजेंसियों के लिए अहम माना जा रहा है. अब उसे भारत लाने और उसके खिलाफ दर्ज मामलों में आगे की कार्रवाई को लेकर कानूनी प्रक्रिया पर नजर रहेगी. हालांकि, उसे भारत कब लाया जाएगा, इसकी जानकारी सामने नहीं आई है.
हिमांशु भाऊ हरियाणा के रोहतक जिले के रिटोली गांव का रहने वाला है. उसका पूरा नाम हिमांशु उर्फ भाऊ रिटोलिया भी बताया जाता है. वह कम उम्र में ही अपराध की दुनिया में आ गया था. पुलिस के मुताबिक, उसने फर्जी दस्तावेजों की मदद से पासपोर्ट बनवाया और भारत छोड़ दिया. इसके बाद वह विदेश से अपने गिरोह का नेटवर्क चलाने लगा. खबरों के मुताबिक, हिमांशु भाऊ का संबंध पुर्तगाल से भी रहा है. उसके गिरोह के संबंध नीरज बवाना और नवीन बाली के गिरोहों से भी बताए जाते हैं. उसे गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई का विरोधी भी माना जाता है.
दिल्ली में जिम ट्रेनर की हत्या में आया नाम
हिमांशु का नाम सितंबर में दिल्ली के आया नगर में जिम ट्रेनर विजय कुमार की हत्या के मामले की जांच में सामने आया था. पुलिस के मुताबिक, कुछ लोगों ने विजय को जिम से बाहर बुलाया था. इसके बाद बाइक पर आए दो हमलावरों ने दक्षिण दिल्ली के फतेहपुर बेरी इलाके में हंसा चौक के पास उन पर गोलियां चलाईं. हमले में करीब 15 राउंड गोलियां चलीं. कई गोलियां लगने से विजय की मौत हो गई. शुरुआती जांच में हत्या की वजह निजी दुश्मनी बताई गई थी. हत्या के बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट सामने आई, जिसमें हिमांशु ने इसकी जिम्मेदारी ली थी. पुलिस इस पोस्ट की भी जांच कर रही है.
एल्विश यादव के घर पर गोलीबारी से भी जुड़ा नाम
हिमांशु भाऊ के गिरोह ने 2025 में यूट्यूबर एल्विश यादव के घर पर हुई गोलीबारी की जिम्मेदारी भी ली थी. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। इसके अलावा, दिल्ली के आया नगर में डेयरी कारोबारी रतन लोहिया की हत्या के मामले में भी उसके गिरोह के सदस्यों के नाम सामने आए. पुलिस के मुताबिक, रतन लोहिया की हत्या से पहले हमलावरों ने कई घंटे तक इलाके पर नजर रखी थी. इसके बाद उन पर 60 से ज्यादा गोलियां चलाई गईं. इस मामले में हिमांशु के गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया गया था. रतन लोहिया के परिवार ने आरोप लगाया था कि उनकी हत्या, अरुण नाम के व्यक्ति की हत्या का बदला लेने के लिए की गई. अरुण को इस साल छतरपुर मेट्रो स्टेशन के पास गोली मारी गई थी.



