Himachal Se: सेहतमंद रहने के लिए सही खानपान बेहद जरूरी है। हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाने वाले लोग अक्सर अच्छी सेहत के लिए आंवला का सेवन फल के रूप में, जूस बनाकर, कैंडी के रूप में, पाउडर बनाकर खाते हैं। आंवला एक ऐसा हर्ब है जिसे पोषक तत्वों से भरपूर माना जाता है। इसमें विटामिन C और एंटीऑक्सीडेंट्स अच्छी मात्रा में पाए जाते हैं, जो शरीर को अंदर से हेल्दी रखने में मदद करते हैं। गर्मियों में इसका सेवन शरीर को ठंडक और ताजगी देने का काम कर सकता है। कंसल्टेंट डायटीशियन और प्रमाणित डायबिटीज एजुकेटर कनिका मल्होत्रा ने बताया अगर आप रोजाना दिन की शुरुआत आंवले से करते हैं तो इम्यूनिटी मजबूत होती है और बीमारियों से बचाव होता है।

european Journal of Cardiovascular Prevention and Rehabilitation में प्रकाशित एक रिसर्च के मुताबिक 12 हफ्तों तक अगर रोजाना आंवला का सेवन उसके जूस के रूप में किया जाए तो LDL कोलेस्ट्रॉल और ट्राइग्लिसराइड्स को कंट्रोल किया जा सकता है। ये धमनियों में प्लाक जमने की प्रक्रिया को रोकता है, जिससे एथेरोस्क्लेरोसिस और हार्ट अटैक का खतरा कम होता है।
आंवला एक इम्यूनोमॉड्यूलेटर की तरह काम करता है, यानी ये इम्यून सिस्टम की प्रतिक्रिया को संतुलित करने में मदद करता है। अब सवाल ये उठता है कि सेहत के लिए इतने उपयोगी आंवला का सेवन उसका पाउडर बनाकर किया जाए, कच्चा आंवला के रूप में या फिर सूखा आंवला के रूप में करें। आइए एक्सपर्ट से जानते हैं कि आंवला अलग अलग तरीके से खाने से सेहत पर कैसा करता है असर।
कच्चा आंवला खाने के फायदे
कच्चा आंवला सबसे ज्यादा पौष्टिक माना जाता है क्योंकि इसमें विटामिन C की मात्रा सबसे अधिक होती है। यह इम्यूनिटी मजबूत बनाने में मदद करता है और स्किन को हेल्दी बनाए रखता है। फाइबर से भरपूर होने की वजह से यह पाचन को बेहतर बनाता है और कब्ज की समस्या से राहत दिला सकता है। इसमें मौजूद एंटीऑक्सीडेंट्स बालों को झड़ने से रोकने और उन्हें मजबूत बनाने में मदद करते हैं। इसके अलावा यह कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल करके दिल की सेहत के लिए भी फायदेमंद माना जाता है।
कच्चे आंवले की कुछ कमियां भी हैं जैसे ये स्वाद में काफी खट्टा होता है जिसकी वजह से इसे खाना हर किसी को पसंद नहीं होता। इसे लम्बे समय तक स्टोर नहीं किया जा सकता है।
आंवला पाउडर के फायदे
आंवला पाउडर इस्तेमाल करने में आसान होता है। इसे पानी, शहद या स्मूदी में मिलाकर आसानी से लिया जा सकता है। यह मेटाबॉलिज्म को बढ़ाने में मदद कर सकता है, जिससे वजन घटाने में सहूलियत मिलती है। साथ ही यह स्किन और बालों के लिए भी फायदेमंद माना जाता है। आंवला पाउडर का सेवन लीवर को डिटॉक्स करने में भी मददगार माना जाता है।
आंवला पाउडर की भी कुछ कमियां हैं जैसे सुखाने और पीसने की प्रक्रिया में कुछ विटामिन C कम हो जाते हैं। कच्चे आंवले की तुलना में ये पाउडर थोड़ा कम असरदार हो सकता है।
सूखा आंवला खाने के फायदे
सूखा आंवला भी फाइबर का अच्छा स्रोत माना जाता है। यह पाचन को बेहतर बनाने में मदद करता है और शरीर में आयरन के अवशोषण को सपोर्ट कर सकता है। इसे स्नैक की तरह भी खाया जा सकता है, इसलिए यह काफी सुविधाजनक विकल्प माना जाता है।
सूखे आंवले की भी कुछ कमियां हैं। अगर इसमें ज्यादा चीनी मिलाई गई हो तो नुकसान हो सकता है। इसमें विटामिन C की मात्रा कम हो जाती है।
कौनसा आंवला सबसे बेहतर?
अगर पोषण और फायदे की बात करें तो कच्चा आंवला सबसे अच्छा विकल्प माना जाता है क्योंकि इसमें विटामिन C और एंटीऑक्सीडेंट्स सबसे ज्यादा होते हैं। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। हालांकि अगर आपको इसका खट्टा स्वाद पसंद नहीं है या लंबे समय तक स्टोर करना चाहते हैं तो आंवला पाउडर भी अच्छा विकल्प हो सकता है। वहीं सूखा आंवला तभी बेहतर माना जाता है जब उसमें अतिरिक्त चीनी न मिलाई गई हो।
डिस्क्लेमर: यह जानकारी सामान्य स्वास्थ्य जागरूकता के उद्देश्य से दी गई है। आंवला या किसी भी घरेलू उपाय का असर व्यक्ति की स्वास्थ्य स्थिति के अनुसार अलग हो सकता है। अगर आपको किसी तरह की बीमारी, एलर्जी, एसिडिटी, लो ब्लड शुगर या कोई अन्य स्वास्थ्य समस्या है तो नियमित सेवन से पहले डॉक्टर या डायटीशियन की सलाह जरूर लें।



