Sambhal News: संभल CO ने कहा कि यदि किसी ने ईरान और इजरायल के बीच चल रहे अंतरराष्ट्रीय विवाद की आड़ में जिले की शांति व्यवस्था को भंग करने का प्रयास किया तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

UP News: उत्तर प्रदेश के संभल जिले में अलविदा जुम्मा और ईद-उल-फितर के त्योहारों के दौरान ईरान के पक्ष में होने वाले संभावित प्रदर्शनों को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है। शांति समिति की बैठक में क्षेत्राधिकारी (सीओ) ने दो टूक शब्दों में चेतावनी जारी की है। उन्होंने कहा कि यदि किसी भी व्यक्ति ने ईरान और इजरायल के बीच चल रहे अंतरराष्ट्रीय विवाद की आड़ में जिले की शांति व्यवस्था को भंग करने का प्रयास किया तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
संभल के क्षेत्राधिकारी ने कहा कि जो लोग ईरान के समर्थन में ज्यादा भावनाएं दिखा रहे हैं, वे वहां जाकर अपनी बात रखें। उन्होंने कहा कि भारत में माहौल खराब करने की अनुमति किसी को नहीं दी जाएगी। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। इसके साथ ही सीओ ने कहा कि ईरान के लिए छाती पीटने वालों का बढ़िया इलाज करूंगा।
संभल के CO ने दी कड़ी चेतावनी
शांति समिति की चर्चा के दौरान पुलिस अधिकारी ने कड़े निर्देश दिए कि अलविदा जुम्मा की नमाज के समय किसी भी बाहरी देश के पक्ष या विपक्ष में नारेबाजी नहीं होनी चाहिए। उन्होंने साफ किया कि काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन करने या किसी भी तरह से सांप्रदायिक माहौल को दूषित करने की कोशिशों को बिल्कुल सहन नहीं किया जाएगा।
सीओ ने दोहराया कि यदि कोई भी व्यक्ति इस प्रकार की आपत्तिजनक गतिविधियों में संलिप्त पाया गया, तो पुलिस बल बिना किसी रियायत के उस पर सख्त कानूनी शिकंजा कसने के लिए तैयार है। सार्वजनिक सड़कों पर नमाज पढ़ने के मुद्दे पर भी प्रशासनिक अधिकारियों ने अपना रुख बेहद सख्त रखा है।
नमाज को लेकर भी एडवाइजरी
क्षेत्राधिकारी ने हिदायत दी है कि नमाज केवल मस्जिदों के निर्धारित परिसर के अंदर ही पढ़ी जानी चाहिए और सड़कों या अन्य सार्वजनिक स्थानों का इसके लिए उपयोग वर्जित रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि कोई भी व्यक्ति नियमों का उल्लंघन कर सड़क पर नमाज अदा करता हुआ मिला तो उसके खिलाफ तत्काल प्राथमिकी दर्ज की जाएगी और दोषी पाए जाने पर उसे जेल की हवा भी खानी पड़ सकती है।
पुलिस ने सोशल मीडिया पर सस्ती लोकप्रियता हासिल करने के लिए रील बनाने या भ्रामक पोस्ट डालकर कानून व्यवस्था को चुनौती देने वालों को भी आड़े हाथों लिया है। ऐसे तत्वों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की योजना बनाई गई है। साथ ही प्रशासन ने स्थानीय नागरिकों से विनम्र अपील की है कि वे आगामी त्योहारों को आपसी प्रेम, शांति और भाईचारे के साथ संपन्न करें। लोगों को किसी भी प्रकार की झूठी अफवाहों या उकसावे वाले संदेशों पर ध्यान न देने और समाज में सौहार्द बनाए रखने के लिए कहा गया है।



