
उत्तराखंड की राजधानी देहरादून से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है. यहां नेहरू कॉलोनी थाना क्षेत्र में एक लैब कर्मचारी ने अपनी पत्नी की बेरहमी से हत्या कर डाली. आरोपी पति को जब पुलिस ने पकड़ा, तो उसने बस यही बात कही- मैं कहकशा को पसंद नहीं करता था. क्योंकि वो कम पढ़ी लिखी थी. और उससे जबरन मेरा निकाह करवाया गया था. मैं किसी पढ़ी लिखी लड़की को अपनी दुल्हन बनाना चाहता था.
पुलिस के अनुसार, रिस्पना नगर निवासी शहबाज का निकाह 19 नवंबर 2025 को रुद्रप्रयाग निवासी कहकशा से हुआ था. पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि उसने परिवार की इज्जत के खातिर दबाव में निकाह तो कर लिया था, लेकिन वो कहकशा को पसंद नहीं करता था.
पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी ने एक हफ्ते पहले ही हत्या की प्लानिंग कर ली थी. 3 मार्च की रात शहबाज ने कंबल से अपनी पत्नी का मुंह दबाकर उसे मौत के घाट उतार दिया. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। हत्या के बाद पकड़े जाने के डर से आरोपी खुद ही उसे अस्पताल ले गया ताकि इसे स्वाभाविक मौत या बीमारी का रूप दे सके.
50 लाख के दहेज और प्लॉट की मांग
मृतका के भाई सलमान आसिफ ने पुलिस को दी तहरीर में गंभीर आरोप लगाए हैं. उनके मुताबिक, निकाह के बाद से ही ससुराल पक्ष कहकशा को दहेज के लिए प्रताड़ित कर रहा था. वारदात की रात 3 मार्च को करीब 11 बजे कहकशा ने अपने भाई को फोन कर बताया था कि उसके ससुराल वाले बेहद गुस्से में हैं. सुबह तक हर हाल में प्लॉट खरीदने के लिए 50 लाख रुपये मंगाने का दबाव बना रहे हैं. भाई ने सुबह देहरादून आने का भरोसा दिया था, लेकिन रात 1:30 बजे ससुर ने फोन कर बताया कि कहकशां को कुछ हो गया है.
सरकारी लैब में काम करता है आरोपी
एसपी सिटी प्रमोद कुमार ने बताया कि आरोपी शहबाज एक सरकारी अस्पताल के साथ अनुबंधित लैब में काम करता है. कहकशा के भाई सलमान की तहरीर पर पुलिस ने पति शहबाज के अलावा ससुर, सास, देवर और ननद के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज किया है. पुलिस ने आरोपी पति को गिरफ्तार कर लिया है.
पुलिस की कार्रवाई
नेहरू कॉलोनी थाना पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है. मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पंचायतनामा भरा गया. पुलिस अब मामले के अन्य फरार आरोपियों (सास-ससुर और अन्य परिजनों) की तलाश में जुट गई है.


