Kolkata Durga Puja Pandal Stampede: महासप्तमी की पूर्व संध्या पर पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में एक बहुत ही दर्दनाक हादसा हुआ. यहां चोरबागान सर्वजनिन दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़ मच गई. ये भगदड़ दर्शन के दौरान अचानक मची. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। इस भयानक हादसे में कुचलने से मौतों का आंकड़ा 19 बताया जा रहा है. जबकि 25 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं.

घायलों का मेडिकल कॉलेज अस्पताल, एनआरएस और आरजी कर अस्पताल में किया जा रहा है. इस हादसे में मरने वाले तीन लोग एक ही परिवार के हैं. जानकारी के अनुसर, बेज परिवार दुर्गा पूजा पंडाल में दर्शन के लिए पहुंचा था. इस परिवार के नौ अरामबाग से आए थे. घटना के समय सभी लोग मंडप के अंदर ही थे. भारी बारिश के कारण मंडप का एक हिस्सा गिरते ही अफरातफरी मच गई.

बेज परिवार के तीन सदस्य भी भगदड़ में दबे

लोग बाहर निकलने के लिए भागने लगे और फिर भगड़ मच गई. इसी में बेज परिवार के तीन सदस्य भी दब गए. पुलिस सूत्रों के अनुसार, बेज परिवार के मृतकों सदस्यों का नाम टैगोर बेज , संदीप बेज और पियाली प्रमाणिक बताया जा रहा है. मृतक के परिवार की एक महिला सदस्य ने कहा, “मेरी बहन 24 साल की थी. उसके साथ एक और बच्चा और उसकी मां भी थी. तीन लोगों की मौत हो गई है.

एक प्रत्यक्षदर्शी ने कहा, “यहां हजारों स्वयंसेवक और पुलिसकर्मी मौजूद थे, लेकिन पहले से कोई इंतजाम नहीं किए गए. हमारी आंखों के सामने भगदड़ मची. कोलकाता पुलिस की गाड़ी वहां खड़ी थी. पुलिस ने कुछ नहीं किया. सब हमने स्थानीय लोगों ने किया. पूजा समिति का कोई भी सदस्य नजर नहीं आया. यही नहीं स्थानीय निवासियों ने आरोप लगाया कि वहां एंबुलेंस तक मौजूद नहीं थी.

12 लोगों को गिरफ्तार किया गया

भगदड़ की सूचना मिलते ही मुख्यमंत्री शुवेंदु अधिकारी, मुख्य सचिव और स्वास्थ्य मंत्री के साथ देर रात अस्पताल और घटनास्थल पहुंचे. मुख्यमंत्री के निर्देश पर चोरबागान पूजा समिति के 5 मुख्य आयोजकों समेत कुल 12 लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया है. वर्तमान न्यायाधीश की अध्यक्षता में एसआईटी गठित की गई है, जोकि हादसे की निष्पक्ष जांच करेगी.

राज्य सरकार ने घोषणा की है कि मृतकों के आश्रितों को 25 लाख रुपये की आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को ग्रुपडी की सरकारी नौकरी दी जाएगी. घायलों को 55 लाख रुपये दिए जाएंगे और उनके इलाज का सारा खर्चा प्रदेश की सरकार उठाएगी.