कानपुर के पनकी थाना क्षेत्र में धर्म परिवर्तन और घरेलू प्रताड़ना का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है. हरदोई की रहने वाली कृतिका पांडे ने अपने पति, आगरा निवासी एक मुस्लिम युवक पर गंभीर आरोप लगाए हैं.महिला का दावा है कि शादी के आठ वर्षों के दौरान उस पर लगातार धर्म परिवर्तन का दबाव बनाया गया. विरोध करने पर उसके साथ मारपीट की गई और जान से मारने की धमकियां दी गईं.

पीड़िता का आरोप है कि उसे जबरन मांसाहार खाने के लिए मजबूर किया जाता था. उसने बताया कि ब्राह्मण परिवार से होने के कारण जब उसने इसका विरोध किया तो उसके साथ बेरहमी से मारपीट की जाती थी. महिला ने आरोप लगाया कि उसका ढाई साल का बेटा भी आरोपी के निशाने पर था और उसका खतना कराकर नाम बदलने तथा धर्म परिवर्तन कराने की तैयारी की जा रही थी.

महिला ने बताया कि वह लंबे समय तक डर के साये में जीती रही क्योंकि आरोपी बच्चे की हत्या की धमकी देता था. आखिरकार उसने हिंदू संगठन के सदस्य कृष्णा तिवारी से संपर्क कर पूरी आपबीती सुनाई.

महिला का यह भी आरोप है कि उसी मकान में एक अन्य हिंदू महिला को भी रखा गया था, जो करीब सात महीने की गर्भवती है. हालांकि, दूसरी महिला ने कैमरे के सामने कोई बयान देने से इनकार कर दिया.

सूचना मिलने पर पनकी पुलिस और हिंदू संगठन के कार्यकर्ता कामदगिरि भवन स्थित मकान पहुंचे. पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी पति और उसके साथ रह रही दूसरी महिला को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है. पीड़िता और उसके बच्चे को भी सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया.

मामले में पड़ोसियों के बयान भी कई सवाल खड़े कर रहे हैं. उनका कहना है कि मकान का दरवाजा महीनों तक नहीं खुलता था. घर का सारा सामान ऑनलाइन मंगाया जाता था और केवल सामान लेने के लिए ही दरवाजा थोड़ासा खोला जाता था. पड़ोसियों के मुताबिक, रात के समय अक्सर चीखनेचिल्लाने और मारपीट जैसी आवाजें सुनाई देती थीं, लेकिन घर से कोई बाहर नहीं निकलता था.

फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है. महिला द्वारा लगाए गए सभी आरोपों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी. पुलिस का कहना है कि पूछताछ और साक्ष्यों के आधार पर आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी.