
Shamli Daughter In Law Murder Case : 14 फरवरी की काली रात, जब पूरा देश प्यार का जश्न मना रहा था, उत्तर प्रदेश के शामली के कैराना स्थित ईसोपुर खुरगान गांव में एक ससुर अपनी ही बहू की जान लेने की साजिश रच रहा था। 22 वर्षीय मुशकरा का शव उसके घर के एक बंद कमरे में मिला। ससुर अब्बास ने इसे खुदकुशी का रंग देने की पूरी कोशिश की, लेकिन पोस्टमार्टम की एक रिपोर्ट ने उसके झूठ के महल को ढहा दिया।
मुशकरा का पति सलमान पंजाब में काम करता था। इस वजह से वह घर में अपने ससुर अब्बास के साथ रहती थी। पुलिस की जांच में यह खुलासा हुआ कि अब्बास की नीयत अपनी बहू पर काफी समय से खराब थी। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। उसने पहले बहू का भरोसा जीता और फिर उसकी पिछली जिंदगी के बारे में जानकर उसे ब्लैकमेल करना शुरू किया। आरोपी ने कथित तौर पर बहू के पूर्व प्रेमी को घर बुलाने की छूट दी और खुद उसे लाने-छोड़ने जाता था ताकि गांव में किसी को शक न हो।
14 फरवरी की वह भयावह रात
शामली पुलिस के अनुसार 14 फरवरी की रात जब प्रेमी चला गया तो अब्बास कमरे में दाखिल हुआ। उसने एक डंडे और तार की मदद से चतुराई से कमरे की कुंडी खोली और बहू के साथ जबरदस्ती करने की कोशिश की। जब मुशकरा ने अपनी इज्जत बचाने के लिए विरोध किया और उसे लात मारी तो हैवान बने ससुर ने गला दबाकर उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद उसने कमरे को इस तरह बंद किया जिससे लगे कि मुशकरा ने अंदर से कुंडी लगाई है।
बेटे की संलिप्तता और पुलिसिया कार्रवाई
हैरानी की बात यह है कि आरोपी अब्बास ने रात में बेटे सलमान को फोन कर सब बता दिया था। पुलिस ने न केवल कातिल ससुर को पकड़ा, बल्कि सबूत छिपाने और सच जानने के बावजूद पुलिस को गुमराह करने के आरोप में पति सलमान को भी सलाखों के पीछे भेज दिया है। दो साल पहले हुई शादी का यह दुखद अंत एक तीन महीने के बच्चे को पीछे छोड़ गया है, जिसकी मां मर चुकी है और पिता और दादा जेल में हैं।



