Rajarshi Tandon Open University Prayagraj: दूरस्थ एवं ऑनलाइन शिक्षा को अधिक गुणवत्तापूर्ण, रोजगारोन्मुख और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज और उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय, हल्द्वानी के बीच महत्वपूर्ण समझौता पत्र पर हस्ताक्षर किए गए। इस समझौते के तहत दोनों विश्वविद्यालय शिक्षा, शोध, प्रशिक्षण, नवाचार और डिजिटल शिक्षण संसाधनों के विकास में मिलकर कार्य करेंगे।

राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सत्यकाम का बयान
एमओयू के बाद राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. सत्यकाम ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति2020 के अनुरूप यह साझेदारी मुक्त एवं दूरस्थ शिक्षा प्रणाली को अधिक प्रभावी, समावेशी और गुणवत्तापूर्ण बनाने में मील का पत्थर साबित होगी।
उन्होंने बताया कि दोनों संस्थानों के शिक्षकों और शोधार्थियों को फैकल्टी एक्सचेंज, संयुक्त शोध परियोजनाओं, प्रशिक्षण कार्यशालाओं, शैक्षणिक संगोष्ठियों और अध्ययन भ्रमण जैसे अवसर मिलेंगे, जिससे ज्ञान और नवाचार का आदानप्रदान मजबूत होगा।
उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहनी का बयान
उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. नवीन चंद्र लोहनी ने कहा कि उनका विश्वविद्यालय , डिजिटल लर्निंग के क्षेत्र में लगातार उत्कृष्ट कार्य कर रहा है। इस विशेषज्ञता का लाभ अब राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय को भी मिलेगा।
दोनों संस्थान कौशल विकास, ईकंटेंट निर्माण, पाठ्य सामग्री के आदानप्रदान और विद्यार्थियों के लिए बेहतर डिजिटल विकसित करने पर विशेष ध्यान देंगे।
राजर्षि पुरुषोत्तम दास टंडन के नाम पर हुआ नामकरण
बता दें कि उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय प्रयागराज का एक सार्वजनिक विश्वविद्यालय है। जिसका नामकरण राजर्षि पुरुषोत्तम दास टंडन के नाम पर हुआ है। इस विश्वविद्यालय का स्थायी परिसर प्रयागराज के फाफामऊ में है। इसकी स्थापना उत्तर प्रदेश राजर्षि टण्डन मुक्त विश्वविद्यालय, अधिनियम 1999 उत्तर प्रदेश के अन्तर्गत हुई थी। इसे दूरस्थ शिक्षा योजना के अन्तर्गत एक मुक्त विश्वविद्यालय, बनाया गया।



