Himachal Se: Bengaluru Boxing Coach Case: कर्नाटक के बेंगलुरु में 50 साल के एक बॉक्सिंग कोच पर 17 साल की महिला बॉक्सर का कथित तौर पर यौन उत्पीड़न करने का आरोप लगा है। इस मामले में बॉक्सिंग कोच के खिलाफ POCSO एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया है। नाबालिग की मां की लिखित शिकायत के बाद शुक्रवार दोपहर को संपंगीरामनगर पुलिस स्टेशन में FIR दर्ज हुई।

बॉक्सिंग कोच ने ट्रेनिंग देने के नाम पर 4 महीने तक किया नाबालिग का उत्पीड़न, POCSO के तहत केस दर्ज; जानें मामला​
बॉक्सिंग कोच ने ट्रेनिंग देने के नाम पर 4 महीने तक किया नाबालिग का उत्पीड़न, POCSO के तहत केस दर्ज; जानें मामला​

4 महीने से हो रहा था नाबालिग का उत्पीड़न

बता दें कि आरोपी, जो कस्तूरबा रोड पर स्टेडियम परिसर के अंदर स्थित एक निजी बॉक्सिंग क्लब में कोच के तौर पर काम करता है, पर आरोप है कि वह पिछले 4 महीने से नाबालिग का उत्पीड़न कर रहा था। शिकायत के अनुसार, हाल ही में कर्नाटक के बाहर हुए एक खेल आयोजन के दौरान यह दुर्व्यवहार और बढ़ गया।

बॉक्सिंग कोच पर गलत तरीके से छूने का आरोप

17 मई को, जब पीड़िता एक बॉक्सिंग प्रतियोगिता के लिए चेन्नई में थी, तो कोच ने कथित तौर पर उसे अपने निजी कमरे में बुलाया और उसके विरोध के बावजूद उसे गलत तरीके से छुआ। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। शिकायत में आगे कहा गया है कि बेंगलुरु के स्टेडियम में भी इसी तरह की गलत शारीरिक संपर्क की घटनाएं हुईं।

कोच ने पीड़िता को दी थी जान से मारने की धमकी

खबरों के मुताबिक, पीड़िता ने डर के मारे अपने परिवार से इस दुर्व्यवहार की बात छिपाई, क्योंकि कोच ने कथित तौर पर उसे जान से मारने की धमकी दी थी और चेतावनी दी थी कि अगर उसने इस मामले का खुलासा किया तो उसे बख्शा नहीं जाएगा।

10 साल बॉक्सिंग से क्लब में ट्रेनिंग ले रही है पीड़िता

पीड़िता की मां ने बताया कि उनकी बेटी पिछले 10 साल से इस निजी बॉक्सिंग क्लब में ट्रेनिंग ले रही है। कोच के खिलाफ आरोपों से पता चलता है कि उसका गलत व्यवहार काफी पहले शुरू हो चुका था। पिछले 5 से 6 महीनों में उत्पीड़न की गंभीरता कथित तौर पर और बढ़ गई। पुलिस के दखल से पहले, कोच के गलत आचरण के संबंध में क्लब की आंतरिक समिति के सामने पहले ही एक औपचारिक शिकायत दर्ज की जा चुकी थी।

पुलिस ने POCSO के तहत दर्ज किया केस

मां की तत्काल हस्तक्षेप की गुहार के बाद, पुलिस ने कोच के खिलाफ POCSO एक्ट, 2012 की धारा 8 और 12, और भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 351 के तहत मामला दर्ज कर लिया है। आगे की जांच जारी है।