Thursday, March 12, 2026
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Stock Market Crash Reason: ये 4 कारण… जिनसे बिखरा शेयर बाजार, ₹5 लाख करोड़ स्वाहा, ट्रंप से है कनेक्शन!..

Stock Market Crash Reason: ये 4 कारण… जिनसे बिखरा शेयर बाजार, ₹5 लाख करोड़ स्वाहा, ट्रंप से है कनेक्शन!..
Stock Market Crash Reason: ये 4 कारण… जिनसे बिखरा शेयर बाजार, ₹5 लाख करोड़ स्वाहा, ट्रंप से है कनेक्शन!..

नई दिल्ली: शेयर बाजार (Share Market) संभल नहीं पा रहा है और हर रोज भर-भराकर टूट रहा है. बीते कारोबारी दिन की बड़ी गिरावट के बाद गुरुवार को भी सेंसेक्स-निफ्टी खुलने के साथ ही क्रैश (Sensex-Nifty Crash) नजर आए. इस बड़ी गिरावट के पीछे एक नहीं, बल्कि चार बड़े कारण हैं, जिनके चलते निवेशकों को तगड़ा नुकसान उठाना पड़ा है. खास बात ये है कि गिरावट का फिर ट्रंप कनेक्शन देखने को मिला है. आइए जानते हैं कैसे?

खुलते ही बिखरे सेंसेक्स-निफ्टी
मिडिल ईस्ट युद्ध के बीच एक-दो दिन छोड़ दें, तो लगातार शेयर बाजार में गिरावट देखने को मिल रही है. गुरुवार को BSE Sensex अपने पिछले बंद 76,863 की तुलना में फिसलकर 76,369 पर खुला और फिर 978 अंक टूटकर 75,871 पर आ गया. NSE Nifty भी सेंसेक्स के कदम से कदम मिलाकर चलता दिखाई दिया और अपने पिछले बंद 23,866 के मुकाबले गिरावट लेकर 23,674 पर ओपन होने के बाद 23,556 तक टूट गया.

निवेशकों के 5 लाख करोड़ डूबे
शुरुआती कारोबार में भारी बिकवाली के चलते बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज पर लिस्टेड कंपनियों का मार्केट कैपिटल (BSE MCap) से करीब 5.6 लाख करोड़ रुपये कम हो गया और निवेशकों की रकम डूब गई. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। बीएसई का मार्केट कैप डेटा देखें, तो ये गुरुवार को मार्केट ओपनिंग के साथ सेंसेक्स टूटने से गिरकर 436.27 लाख करोड़ रह गया, जबकि पिछले सेशन में यह Rs 441.90 लाख करोड़ था.

बाजार में गिरावट के पीछे के बड़े कारणों की बात करें, तो जहां डोनाल्ड ट्रंप ने एक बार फिर टैरिफ बम (Trump Tariff Bomb) फोड़ने की तैयारी करके दुनिया के तमाम देशों में हलचल पैदा की है, तो वहीं गुरुवार Crude Oil Price में अचानक आए बड़े उछाल ने भी बाजार का सेंटीमेंट कमजोर किया.

पहला कारण: ट्रंप का नया टैरिफ प्लान
Donald Trump प्रशासन ने सुप्रीम कोर्ट में रेसिप्रोकल टैरिफ पर मिली हार के बाद एक बार फिर Tariff Attack करने के लिए कदम आगे बढ़ा दिए हैं और उनके प्रशासन ने दुनिया की 16 अर्थव्यवस्थाओं के खिलाफ ट्रेड जांच शुरू करने का ऐलान किया है. ये जांच 1974 के ट्रेड एक्ट की धारा 301 के तहत शुरू कर रहा है. बुधवार को अमेरिका के व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय ने इस धारा के तहत दो अलग-अलग जांचों का ऐलान किया है. ट्रंप के निशाने पर 16 देश हैं, जिनमें प्रमुख तौर पर भारत और चीन के अलावा, यूरोपीय संघ, जापान, दक्षिण कोरिया, मैक्सिको, ताइवान, वियतनाम, थाईलैंड, मलेशिया, कंबोडिया, सिंगापुर, इंडोनेशिया, बांग्लादेश, स्विट्जरलैंड और नॉर्वे शामिल हैं.

दूसरा कारण: Crude Oil के भाव में तेजी
बाजार का सेंटिमेंट बिगाड़ने वाले अगले कारण की बात करें, तो ये मिडिल ईस्ट युद्ध (Middle East War) के चलते गरहाए तेल संकट (Oil Crisis) से जुड़ा है. गुरुवार को एक बार फिर सप्लाई में रुकावट की चिंता के चलते Crude Oil Price में उछाल देखने को मिला है और Brent Crude का दाम 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया है.

तीसरा कारण: ग्लोबल बाजारों में कमजोरी
शेयर मार्केट टूटने का अगला कारण अमेरिका समेत एशियाई बाजारों में आई गिरावट के चलते निवेशकों का सेंटिमेंट बिगड़ना भी. बीते कारोबारी दिन जहां US Stock Market में गिरावट देखने को मिली थी, तो वहीं गुरुवार को खुलने के साथ ही लगभग सभी एशियाई बाजार धड़ाम नजर आए. Japan Nikkei, Hongkong HangSeng हो या फिर South Korea KOSPI Index सब भी 1 फीसदी से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई, तो वहीं Gift Nifty भी 250 अंक के आसपास फिसलकर ट्रेड कर रहा था.

चौथा कारण: मार्केट में डर का पैमाना उछला
ग्लोबल टेंशन के बीच शेयर बाजार सहमा हुआ है और मार्केट में डर का पैमाना माने जाने वाले India VIX में लगातार तेज वृद्धि दर्ज की जा रही है. ये अस्थिरता सूचकांक 6 प्रतिशत बढ़कर 22.32 के स्तर पर पहुंच गया और इसके चलते निवेशकों में डर की भावना बढ़ गई है और इसका सीधा असर शेयर बाजार क्रैश (Stock Market Crash) के रूप में देखने को मिला है.

me.sumitji@gmail.com

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