: भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण ने खाद्य सुरक्षा उल्लंघन और भ्रामक लेबलिंग व विज्ञापन दावे से जुड़े मामलों में , Bakelite, HealthyHey Foods LLP और BMS Lifescience Ltd. के खिलाफ प्रवर्तन कार्रवाई की है। कार्रवाई का आधार कंपनियों से जुड़े खाद्य उत्पादों और उनके लेबलिंग या प्रचार में सामने आए कथित उल्लंघन बताए गए हैं। FSSAI की कार्रवाई का उद्देश्य खाद्य उत्पादों की सुरक्षा और उपभोक्ताओं को दी जाने वाली जानकारी की विश्वसनीयता सुनिश्चित करना है।

 

Storia Foods के खिलाफ adjudication proceedings को मंजूरी

इसी बीच  के खिलाफ कथित भ्रामक दावों के मामले में adjudication proceedings शुरू करने की मंजूरी दी गई है। इसका मतलब है कि मामले में निर्धारित कानूनी प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी। FSSAI लगातार खाद्य उत्पादों की गुणवत्ता, लेबलिंग और विज्ञापन में किए जाने वाले दावों की निगरानी कर रहा है, ताकि उपभोक्ताओं को गुमराह करने वाली जानकारी पर कार्रवाई की जा सके।

एक्सपायर्ड बेसन की डिलीवरी का आरोप

FSSAI की ओर से जारी नोटिस के मुताबिक,  के खिलाफ एक्स पर की गई एक शिकायत के आधार पर कार्रवाई की गई है। शिकायत में आरोप लगाया गया कि ग्राहक को बेसन के दो पैकेट उनकी यूजबाय डेट निकलने के बाद डिलीवर किए गए। दोनों पैकेट पर “USE BY: 12092026” यानी 12 सितंबर 2026 की तारीख दर्ज थी। शिकायत के अनुसार, डिलीवरी के समय यह तारीख बीत चुकी थी। FSSAI ने कंपनी से शिकायत की जांच कर ऑर्डर, डिलीवरी, वेयरहाउस, सेलर और संबंधित प्रोडक्ट की पूरी जानकारी उपलब्ध कराने को कहा है।

FSSAI’s enforcement action against Zepto, Bakelite, HealthyHey Foods LLP, BMS Lifescience. Ltd. over alleged violations relating to food safety and over misleading labelling and advertising claims.

Meanwhile adjudication proceedings have been sanctioned against Storia Foods &… pic.twitter.com/4bF06jyIbL

— ANI October 19, 2026

कंपनी से मांगा जवाब, स्टॉक हटाने के भी निर्देश

नोटिस में से इस मामले में रूट कॉज स्पष्ट करने के साथ प्रभावित स्टॉक को वापस लेने, ग्राहक को सूचित करने और जरूरत पड़ने पर रिफंड तथा सुधारात्मक कदम उठाने की जानकारी मांगी गई है। कंपनी को लिखित जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया गया है। FSSAI ने स्पष्ट किया है कि निर्देशों का पालन नहीं होने पर और संबंधित नियमों के तहत आगे की कार्रवाई की जा सकती है। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। मामले में कंपनी का जवाब और जांच के बाद सामने आने वाले तथ्य आगे की कार्रवाई तय करने में महत्वपूर्ण होंगे।