Lucknow Murder Case: लखनऊ में बैंक अधिकारी मानस बाजपेयी के पत्नी दिव्या मिश्रा और बहन तूलिका की हत्या के बाद खुदकुशी करने के मामले में जांच जैसेजैसे आगे बढ़ रही है, वैसेवैसे दोनों के रिश्तों में आई दरार की कई वजहें सामने आ रही हैं। पुलिस और परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार, पतिपत्नी के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। हालांकि, हत्या की असली वजह क्या थी, इसे लेकर पुलिस अभी जांच कर रही है।
घटना में मारे गए मानस, उसकी पत्नी दिव्या और बहन तूलिका का डॉक्टरों के पैनल ने विस्तृत पोस्टमार्टम किया। रिपोर्ट के मुताबिक, दिव्या और तूलिका के सिर में गोली फंसी हुई मिली, जबकि मानस के सिर में लगी गोली आरपार निकल गई थी। पोस्टमार्टम के दौरान दिव्या के चेहरे और सिर पर चोट के छह निशान भी पाए गए। इन चोटों से घटना से पहले उनके साथ मारपीट किए जाने की आशंका भी सामने आती है।

अब तक क्या हुआ खुलासा

 इस मामले में मानस और दिव्या, दोनों पक्षों से जुड़ी अलगअलग बातें सामने आई हैं। एक तरफ मानस के परिजनों का दावा है कि गर्भपात, पारिवारिक तनाव और पत्नी के साथ बढ़ते विवाद ने उसे मानसिक रूप से परेशान कर दिया था। वहीं, दिव्या के मायके पक्ष का आरोप है कि वैवाहिक विवाद लंबे समय से चल रहा था और दिव्या अपने पति से अलग रह रही थीं। तलाक की कानूनी प्रक्रिया भी शुरू हो चुकी थी।

9 साल पहले हुई थी लव मैरिज

मानस और दिव्या ने साल 2017 में प्रेम विवाह किया था। शादी के शुरुआती सालों में दोनों के रिश्ते सामान्य बताए जाते हैं। बाद में छोटीछोटी बातों को लेकर विवाद बढ़ने लगा और धीरेधीरे दोनों के बीच दूरी आने लगी। परिजनों के अनुसार, करीब पांच साल पहले दिव्या का गर्भपात हुआ था। मानस के मामा अवधेश शुक्ला का कहना है कि इस घटना से दोनों काफी दुखी हुए थे और इसके बाद उनके रिश्ते में तनाव बढ़ने लगा।

हालांकि, दिव्या के मायके पक्ष की ओर से सामने आई जानकारी में विवाद की एक बड़ी वजह मानस की बहन के साथ रहने को लेकर मतभेद को बताया गया है। परिवार के मुताबिक, दिव्या अपने पति की बहन के साथ नहीं रहना चाहती थीं, जबकि मानस बहन की जिम्मेदारी से पीछे हटने को तैयार नहीं था।

मानस के परिवार पर भी पड़ा दुखों का असर

मानस के मामा अवधेश शुक्ला के मुताबिक, परिवार में एक के बाद एक हुई मौतों का भी घर के सदस्यों पर गहरा असर पड़ा। मानस के पिता का निधन हो चुका था और बाद में मां की भी बीमारी से मौत हो गई। उनकी बहन का मानसिक स्वास्थ्य भी ठीक नहीं बताया गया और उनका इलाज चल रहा था। अवधेश शुक्ला का दावा है कि मानस मानसिक रोगी नहीं था और पढ़ाई में काफी अच्छा था। वर्ष 2015 में उसकी नौकरी लगी थी। वह बैंक में अधिकारी के तौर पर काम कर रहा था और अपनी बहन की देखभाल भी करता था।

पतिपत्नी के बीच कई बार कराया गया समझौता

मानस के मामा ने बताया कि दोनों के बीच पहले भी कई बार विवाद हुआ था। जब मामला बढ़ता था तो मानस उन्हें बुलाता था और परिवार के लोग दोनों के बीच समझौता कराने की कोशिश करते थे। उनके मुताबिक, धीरेधीरे पतिपत्नी के बीच बातचीत कम होती गई। कई बार दोनों कईकई दिनों तक एकदूसरे से बात नहीं करते थे। दिव्या भी लंबे समय तक अपने मायके में रहने लगी थीं।

2025 में बढ़ी दूरी, फिर अलग रहने लगे दोनों

परिजनों के अनुसार, वर्ष 2025 में बहन को लेकर पतिपत्नी के बीच विवाद फिर बढ़ गया। इसके बाद दिव्या ने घर छोड़ दिया और मायके में रहने लगीं। बाद में दोनों के बीच विवाद इतना बढ़ा कि मामला फैमिली कोर्ट तक पहुंच गया। जनवरी 2026 में दिव्या की ओर से तलाक की कानूनी प्रक्रिया शुरू किए जाने की बात सामने आई है। तलाक के साथ आर्थिक मुआवजे यानी एलिमनी को लेकर भी विवाद होने का दावा किया जा रहा है। अलगअलग पक्षों से इसकी रकम करीब एक से डेढ़ करोड़ रुपये बताए जाने की बात सामने आई है। पुलिस इस पूरे पहलू की भी जांच कर रही है।

18 अगस्त की सुनवाई के बाद क्या हुआ?

पुलिस जांच के मुताबिक, 18 अगस्त को फैमिली कोर्ट में पतिपत्नी के विवाद से जुड़े मामले की सुनवाई थी। इसी दौरान एलिमनी और अन्य वैवाहिक विवादों को लेकर दोनों पक्ष आमनेसामने थे। पुलिस के अनुसार, इसी सुनवाई के बाद मानस तनाव में आया और उसने पत्नी और बहन की हत्या करने के बाद खुदकुशी की योजना बनाई। जांच में उसके पास से तीन हथियार मिलने की बात सामने आई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि हथियार उसे कहां से मिले और वारदात की योजना कब बनाई गई। हालांकि, मानस की मौत के कारण अब उसका पक्ष सीधे सामने नहीं आ सकता। उसके परिजनों और पुलिस जांच से सामने आ रही बातों को इसी संदर्भ में देखा जा रहा है।

बैंक के बाहर दिव्या से मिला मानस

20 अगस्त को मानस ऑटो से उस बैंक के बाहर पहुंचा, जहां दिव्या काम करती थीं। पुलिस के मुताबिक, उसने फोन कर दिव्या को बाहर बुलाया। दोनों के बीच बातचीत के दौरान विवाद बढ़ गया। पुलिस के अनुसार, मानस ने पहले दिव्या के साथ मारपीट की और फिर गोली मार दी। घटना बैंक के बाहर हुई और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में पूरी वारदात कैद होने की बात सामने आई है। दिव्या की हत्या के बाद मानस वहां से निकल गया और अपने घर पहुंचा।

घर पहुंचकर बहन की हत्या, फिर खुद को मारी गोली

पुलिस के मुताबिक, दिव्या की हत्या के बाद मानस अपने घर पहुंचा, जहां उसकी बहन रह रही थी। उसने कमरे को अंदर से बंद किया और बहन को गोली मार दी। इसके बाद उसने खुद को भी गोली मारकर आत्महत्या कर ली। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वारदात से पहले मानस ने कितनी तैयारी की थी और हत्या के पीछे तत्काल उकसाने वाली वजह क्या थी।

मानस के परिजनों का दावा क्या है?

मानस के मामा का कहना है कि वह 19 अगस्त को मानस से फोन पर बात कर चुके थे। उस समय मानस सामान्य लग रहा था और बातचीत से ऐसा बिल्कुल नहीं लगा कि वह कोई इतना बड़ा कदम उठाने वाला है। परिजनों के मुताबिक, मानस और दिव्या के बीच लंबे समय से तनाव जरूर था, लेकिन उन्हें अंदाजा नहीं था कि मामला इस हद तक पहुंच जाएगा। मानस के परिवार की ओर से गर्भपात, मातापिता की मौत, बहन की जिम्मेदारी और पतिपत्नी के बीच बढ़ते विवाद को उसकी परेशानी से जोड़कर देखा जा रहा है।

दिव्या के मायके पक्ष की कहानी क्या है?

दिव्या के मायके पक्ष का कहना है कि वह लंबे समय से पति से अलग रह रही थीं और अपने परिवार के साथ रहकर जिंदगी आगे बढ़ाना चाहती थीं। परिवार के मुताबिक, बहन को लेकर विवाद और वैवाहिक मतभेद लंबे समय से चले आ रहे थे। दिव्या के भाई मयंक दीक्षित ने बताया कि घटना वाले दिन मानस बैंक के बाहर पहले से मौजूद था। उनके मुताबिक, दिव्या को बातचीत के बहाने बुलाया गया और इसके बाद उन पर हमला किया गया। दिव्या की बहन प्रज्ञा मिश्रा की ओर से भी मानस के व्यवहार को लेकर गंभीर आरोप लगाए गए हैं। हालांकि, पुलिस इन आरोपों और परिवार के अन्य दावों की स्वतंत्र रूप से जांच कर रही है।

मानस ने व्हाट्सऐप स्टेटस में क्या लिखा?

पुलिस के मुताबिक, पत्नी की हत्या के बाद मानस ने व्हाट्सऐप स्टेटस लगाया था। इसमें उसने दिव्या पर धोखा देने का आरोप लगाया और अपनी बहन व खुद को मारने की बात लिखी। उस स्टेटस में दिव्या की बहन और उनके पति का भी जिक्र होने की बात सामने आई है। दिव्या के भाई का कहना है कि उनके परिवार को ऐसी किसी बात की जानकारी नहीं थी। पुलिस अब मानस के स्टेटस में लगाए गए आरोपों की भी जांच कर रही है।

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पुलिस के सामने सबसे बड़ा सवाल आखिर हत्या की असली वजह क्या थी?

इस मामले में अभी तक जो बातें सामने आई हैं, उनसे साफ है कि मानस और दिव्या के रिश्ते में लंबे समय से तनाव था। गर्भपात, बहन की जिम्मेदारी, साथ रहने को लेकर विवाद, अलग रहना और तलाक की कानूनी प्रक्रिया—इन सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगा रही है कि 18 अगस्त की कोर्ट की सुनवाई के बाद ऐसा क्या हुआ, जिसके बाद मानस ने इतनी खौफनाक वारदात को अंजाम देने का फैसला किया।

फिलहाल, पुलिस सीसीटीवी फुटेज, हथियारों, व्हाट्सऐप स्टेटस, कोर्ट से जुड़े दस्तावेजों और दोनों परिवारों के बयानों के आधार पर पूरे घटनाक्रम को जोड़ने में जुटी है। मानस की मौत के कारण उसके पक्ष की सच्चाई सीधे सामने नहीं आ सकती, इसलिए उसके परिजनों के दावों और दिव्या के मायके पक्ष के आरोपों को पुलिस जांच के बाद ही अंतिम रूप से सही या गलत माना जा सकेगा। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं।

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