चंडीगढ़। चंडीगढ़ में जिस लड़की के लिए परिवार से लड़कर लव मैरिज की, उसी रिश्ते के टूटने का दर्द मोनू सहन नहीं कर पाया। मौलीजागरां निवासी मोनू ने 22 जुलाई को फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। दोनों पहले एक ही स्कूल और फिर एक ही कॉलेज में पढ़े थे।

आखिरकार परिवार झुक गया और दोनों की शादी हो गई, लेकिन आठ साल बाद उसी रिश्ते का अंत हो गया। पुलिस ने मोनू की ट्यूशन पढ़ाने वाली पत्नी कोमल और उसके छात्र सन्नी के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

स्कूल की दोस्ती कॉलेज में प्यार बनी, परिवार के विरोध के बीच हुई शादी परिजनों के मुताबिक, मोनू और कोमल पहले एक ही स्कूल में पढ़ते थे। बाद में दोनों ने एक ही कॉलेज में दाखिला लिया। यहीं दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं और रिश्ता प्यार में बदल गया। जब उन्होंने शादी करने का फैसला लिया तो दोनों परिवार राजी नहीं हुए।

परिवार का कहना है कि इसके बाद दोनों घर की छत पर चढ़ गए और कहा कि अगर उनकी शादी नहीं कराई गई तो वे जान दे देंगे। दोनों परिवारों ने आखिरकार हामी भर दी और करीब आठ साल पहले उनकी शादी हो गई।

शादी के बाद दोनों की एक बेटी हुई, जिसकी उम्र अब करीब छह साल है। परिवार के मुताबिक, शुरुआती कुछ साल तक सब कुछ सामान्य रहा, लेकिन बाद में रिश्ते में दरार आ गई।

ईरिक्शा चलाता था मोनू, घर पर ट्यूशन पढ़ाती थी पत्नी परिजनों के अनुसार, मोनू ईरिक्शा चलाकर परिवार का गुजारा करता था, जबकि कोमल घर पर ट्यूशन पढ़ाती थी। दोनों मौलीजागरां के मौली कॉम्प्लेक्स में रहते थे। कोमल के पास कई छात्र पढ़ने आते थे। इसी दौरान सन्नी नाम के एक छात्र से उसकी नजदीकियां बढ़ीं।

परिवार का आरोप है कि बाद में दोनों के बीच प्रेम संबंध बन गए। जब मोनू को इसकी जानकारी मिली तो पतिपत्नी के रिश्ते में दरार आ गई। परिवार का कहना है कि उन्होंने कई बार कोमल को समझाने की कोशिश की, लेकिन वह छात्र का साथ नहीं छोड़ना चाहती थी और बेटी को लेकर मायके चली गई।

15 दिन पहले 1520 युवकों के साथ घर पहुंचा छात्र मोनू की छोटी भाभी रूबी के मुताबिक, आत्महत्या से करीब 15 दिन पहले सन्नी 1520 युवकों के साथ उनके घर पहुंचा था। परिवार का आरोप है कि उसने हंगामा करते हुए कहा

“कोमल मेरी है, मैं उसे लेकर जाऊंगा।”

सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और मामला शांत कराया, लेकिन उस समय कोई केस दर्ज नहीं हुआ। परिवार का आरोप है कि इसी विवाद के बाद कोमल भी मायके चली गई।

भाई के सामने रोता रहा, रिश्ता बचाने की करता रहा कोशिश परिवार के मुताबिक, पत्नी के अलग होने के बाद मोनू पूरी तरह टूट गया था। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। आत्महत्या से पहले रिकॉर्ड हुए एक वीडियो में वह अपने भाई के सामने रोते हुए अपनी तकलीफ बताता नजर आता है। परिजनों का कहना है कि वह रिश्ता बचाना चाहता था और कई बार पत्नी को वापस आने के लिए मनाने की कोशिश की, लेकिन बात नहीं बनी।

परिजनों के मुताबिक, पत्नी के मायके जाने के बाद मोनू 7 जुलाई को अपनी बेटी से मिलने ससुराल गया था। वहां क्या हुआ, इसके बारे में उसने घर लौटकर किसी को कुछ नहीं बताया। आत्महत्या के बाद पुलिस को उसके घर से एक डायरी मिली। परिजनों के अनुसार, उसमें उसने लिखा था—

पुलिस ने डायरी और वीडियो को जांच का हिस्सा बनाया है। इन्हीं सबूतों के आधार पर पत्नी कोमल और सन्नी के खिलाफ BNS की धारा 108 और 3 के तहत केस दर्ज किया गया।

मोनू के कमरे से मिली डायरी को परिवार ने पुलिस के हवाले किया।
मां बोली बेटे को सिर्फ बेटी चाहिए थी मोनू की मां का कहना है कि बेटा पत्नी को वापस लाने से ज्यादा अपनी छह साल की बेटी को अपने पास रखना चाहता था। उसने कई बार ससुराल पक्ष से बेटी को भेजने की गुहार लगाई, लेकिन बात नहीं बनी। परिवार का कहना है कि बेटी से दूर होने की आशंका ने भी उसे अंदर तक तोड़ दिया था।

भाई का आरोप पहली शिकायत पर कार्रवाई नहीं हुई मोनू के भाई रमन का आरोप है कि जब वे पहली बार मौलीजागरां थाने में शिकायत देने पहुंचे तो उनकी शिकायत को गंभीरता से नहीं लिया गया। बाद में सेक्टर9 स्थित पुलिस मुख्यालय में वीडियो और अन्य सबूत देने के बाद 24 जुलाई को पत्नी और सन्नी के खिलाफ BNS की धारा 108 और 3 के तहत केस दर्ज किया गया। इस बारे में पत्नी कोमल का पक्ष जानने की कोशिश की गई, लेकिन उससे संपर्क नहीं हो सका।

पुलिस क्या कह रही है चंडीगढ़ पुलिस का कहना है कि परिजनों की शिकायत, बरामद डायरी, वीडियो और अन्य उपलब्ध सबूतों के आधार पर केस दर्ज किया गया है। मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। जांच के दौरान आरोपियों का पक्ष भी दर्ज किया जाएगा। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।