Himachal Se: कब्ज की समस्या आजकल बहुत आम बात हो गई है। यह किसी भी उम्र के लोगों को हो सकती है और इसके पीछे का मुख्य कारण आपकी खराब हो रही जीवनशैली, बाहर का भोजन और अत्यधिक तनाव है। कब्ज की समस्या होने पर भोजन पचाने में परेशानी होती है और पेट अच्छी तरह से साफ नहीं हो पाता है। इसकी वजह से पेट में दर्द, गैस बनना, सिरदर्द होना, भूख न लगना और शरीर में थकान महसूस होना सामान्य बात है। लेकिन आयुर्वेद में कब्ज को वात दोष का प्रमुख कारण बताया गया है। आयुर्वेदिक डॉक्टर चंचल शर्मा की मानें तो, कब्ज की समस्या को जड़ से समाप्त करने के लिए आयुर्वेद से बेहतर कोई तरीका नहीं है।

कब्ज होने के मुख्य कारण
- भोजन का अनिश्चत समय
- अत्यधिक मात्रा में फास्ट फूड का सेवन
- बहुत ज्यादा तला या भुना हुआ भोजन करना
- पानी कम पीना
- शारीरिक रूप से बहुत एक्टिव नहीं होना
- रात में देर तक जागना
- मानसिक रूप से ज्यादा स्ट्रेस लेना
आयुर्वेदिक उपाय जो कब्ज को जड़ से खत्म करने में मदद करते हैं
त्रिफला चूर्ण का सेवन आयुर्वेद में पेट की समस्या के लिए त्रिफला को सबसे प्रभावी औषधि माना गया है। इसके सेवन से आंतों की सफाई हो जाती है और पाचन शक्ति मजबूत होती है। कब्ज की समस्या से आराम पाने के लिए आप नियमित रूप से रात में त्रिफला का सेवन कर सकते हैं।
सुबह खाली पेट गुनगुना पानी सुबह खाली पेट में गुनगुना पानी पीने से पाचन तंत्र सक्रिय रहता है और मल त्यागने में आसानी होती है। इसलिए सुबह उठकर 12 गिलास गुनगुना पानी पिएं। आप चाहें तो स्वादानुसार इसमें थोड़ा नींबू और शहद भी मिला सकते हैं।
फाइबर युक्त आहार लें आपके भोजन में मौजूद फाइबर की मात्रा यह तय करती है कि पाचन कितना अच्छा रहेगा इसलिए विशेषज्ञ यह सलाह देते हैं कि भोजन में हरी सब्जियां, फल, सलाद, ओट्स, दलिया और साबुत अनाज को शामिल करें। इसके अलावा आप अमरुद, पपीता जैसे फलों का सेवन भी कर सकते हैं।
देसी घी और दूध कब्ज के लिए घरेलू उपायों में देसी घी को बेहतर माना गया है। रात को सोने से पहले एक गिलास गर्म दूध में 1 चम्मच देसी घी मिलाकर पीने से आपके आंतों में चिकनाई बनी रहती है और पेट अच्छे से साफ हो जाता है।
योग और प्राणायाम अगर आप नियमित योग करते हैं तो तुलनात्मक रूप से आप अधिक स्वस्थ रहेंगे और ऐसी समस्याओं से बचे रहेंगे। इसके लिए आप नियमित रूप से पवनमुक्तासन, भुजंगासन और वज्रासन जैसे योगासन कर सकते हैं। इसके अलावा आप रोजाना प्राणायाम भी कर सकते हैं, इससे तनाव कम होता है और पाचन बेहतर होता है।
नियमित दिनचर्या अपनाएं अपने लिए एक दिनचर्या बनायें जिसमें समय पर सोना और भोजन करना शामिल हो। इससे आपका पाचन तंत्र स्वस्थ रहता है और कब्ज जैसी समस्या नहीं होती है। रात में देर तक जागने या खान पान में लापरवाही करने से समस्या और भी गंभीर हो सकती है। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं।
किन चीजों से बचें?
- अत्यधिक कैफीन युक्त ड्रिंक
- जंक फ़ूड या ज्यादा मसालेदार भोजन
- शराब, सिगरेट जैसे नशीले पदार्थ
- बहुत देर तक बैठ कर काम करना



