Baghpat Accident: उत्तर प्रदेश के बागपत में ईस्टर्न पेरीफेरल एक्सप्रेसवे पर हुए भीषण सड़क हादसे में मौत का आंकड़ा बढ़कर आठ पहुंच गया है. हादसे के बाद अस्पतालों में भर्ती घायलों में से चार और श्रद्धालुओं ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया. पुलिस ने अब तक कुल आठ लोगों की मौत की पुष्टि की है, जबकि 24 घायलों का इलाज अलगअलग अस्पतालों में जारी है. गंभीर घायलों को बेहतर उपचार के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया है.

हादसा खेकड़ा थाना क्षेत्र में बड़ागांव के पास देर रात करीब 12:30 बजे हुआ. बताया गया कि राजस्थान से श्रद्धालुओं को लेकर एक वाहन बदायूं की ओर जा रहा था. इसी दौरान वाहन अनियंत्रित होकर एक्सप्रेसवे के डिवाइडर से टकरा गया और पलट गया. हादसा इतना भीषण था कि वाहन में सवार श्रद्धालुओं के बीच चीखपुकार मच गई और बड़ी संख्या में लोग घायल हो गए.
चार की मौके पर ही हो गई थी मौत
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीमें सक्रिय हो गईं. मौके पर चार पीआरवी, खेकड़ा थाना पुलिस और एंबुलेंस पहुंचीं. राहत और बचाव अभियान चलाकर दुर्घटनाग्रस्त वाहन में फंसे घायलों को बाहर निकाला गया. सभी घायलों को तत्काल इलाज के लिए सीएचसी खेकड़ा, सीएचसी बागपत और जिला अस्पताल बागपत भेजा गया. जिन घायलों की हालत गंभीर थी, उन्हें प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर चिकित्सा सुविधाओं के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया. इसी दौरान उपचार के बीच चार और घायलों की मौत हो गई, जिसके बाद मृतकों की संख्या बढ़कर आठ हो गई.
24 घायलों का इलाज जारी
हादसे की गंभीरता को देखते हुए एडीजी मेरठ जोन भानु भास्कर भी बागपत पहुंचे. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। उन्होंने जिला अस्पताल पहुंचकर भर्ती घायलों का हाल जाना और डॉक्टरों से उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली. एडीजी ने अस्पताल में मौजूद अधिकारियों से राहत और उपचार व्यवस्था को लेकर भी जानकारी ली. इसके बाद मीडिया से बातचीत में एडीजी मेरठ जोन ने हादसे में आठ श्रद्धालुओं की मौत की पुष्टि की. फिलहाल 24 घायलों का इलाज जारी है. पुलिस और प्रशासन की टीमें पूरे मामले पर नजर बनाए हुए हैं.
हादसे की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस मृतकों की पहचान और उनके परिजनों से संपर्क करने की कार्रवाई में जुटी है. वहीं, हादसा किन परिस्थितियों में हुआ, इसकी भी जांच की जा रही है. वाहन के अनियंत्रित होने के कारणों समेत दुर्घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की पड़ताल की जा रही है. जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.



