घर और बाहर का काम एक साथ संभालना आसान नहीं होता है और अगर आप वर्किंग मदर हैं तो ये और भी ज्यादा मुश्किल टास्क बन जाता है. हालांकि इसका मतलब ये नहीं होता है कि कामकरियर को छोड़ दिया जाए. कई ऐसी महिलाएं हैं जो पर्सनल के साथ ही प्रोफेशनल लाइफ के बीच बेहतरीन तरीके से बैलेंस बनाकर चलती हैं और आगे बढ़ रही हैं. आप भी अगर एक मां हैं और बाहर काम भी करने जाती हैं तो कुछ सिंपल से टिप्स अपनाकर आप अपनी लाइफ में संतुलन बनाए रख सकती हैं और जिंदगी थोड़ी आसान हो सकती है.

कामकाजी महिलाओं के लिए अपनी एब्सेंस में बच्चों के लिए चीजें आसान बनाकर रखना सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक होता है. इसी के साथ उनकी सेफ्टी की सबसे ज्यादा चिंता सताती रहती है. एक तरफ ऑफिस की मीटिंग, प्रोजेक्ट को कंप्लीट करने की टेंशन और दूसरी तरफ घर पर छोड़कर आई अपने बच्चे की चिंता. तो चलिए जान लेते हैं वर्किंग मदर कैसे बनाएं लाइफ में बैलेंस.
बच्चे के साथ ऑनलाइन जुड़ें
मैटरनिटी लीव के बाद बच्चे को घर पर छोड़कर मां का ऑफिस जाना बहुत ही मुश्किल टाइम होता है. ऐसे में जरूरी है कि आप कुछ दिनों तक बच्चे से लगातार काम के दौरान भी जुड़ी रहें. ये आज के टाइम में बहुत ही आसान हो गया है. आप दिन में घर पर ऑडियोवीडियो कॉल करके बच्चे का हालचाल ले सकती हैं. इससे वो आपसे कनेक्टेड भी रहेगा और उसे अकेला फील नहीं होगा. धीरेधीरे ये रूटीन बच्चे की आदत में भी आ जाएगा.
ऑफिस वर्क को ऑर्गेनाइज करें
मां बनने के बाद आप काम पर जा रही हैं तो ये बहुत जरूरी है कि आप अपनी वर्क लाइफ को ऑर्गेनाइज करें ताकि घर पर आप पूरी तरह से फ्री रहें. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। अपने काम को पूरी प्लानिंग के साथ लेकर चलें ताकि टाइम मैनेजमेंट सही रहे. कलीग्स से भी इस बारे में बात करें, जिससे घर पर आपके पास बारबार मेल्स, मैसेज या फिर कॉल्स न आएं. इसी के साथ आप बीचबीच में वर्क फ्रॉम होम के लिए भी अप्लाई करने की कोशिश कर सकती हैं.
पार्टनर के साथ बांटें जिम्मेदारियां
वर्किंग हैं तो ये बहुत जरूरी है कि आपका पार्टनर भी अपनी जिम्मेदारियों को समझे. आप चाहे तो दोनों अपनीअपनी शिफ्ट चेंज कर सकते हैं. जैसे आप दिन की शिफ्ट कर रही हैं तो पार्टनर नाइट शिफ्ट ले सकते हैं. इससे हर टाइम बच्चे के पास मां या फिर पिता रहेंगे तो उसे भी एडजस्ट करने में आसानी होती है. अगर फैमिली के साथ रहते हैं तो ये और भी अच्छा है, क्योंकि दादीदादा कोई न कोई बच्चे को संभाल सकता है.
बच्चों के लिए करें घर में ये इंतजाम
इस बात का भी आपको ध्यान रखना होगा कि घर पर चीजों को इस तरह से ऑर्गेनाइज करके जाएं कि आपके न होने पर बच्चे को किसी तरह की दिक्कत का सामना न करना पड़े. उसकी छोटीछोटी चीजें अलग बॉक्स में करके रखें और उसकी लिस्ट बना लें, जिसे आप कहीं पर चिपका सकती हैं. हर सामान की जगह फिक्स रखें. इससे आपकी मेड को चीजें ढूंढने में दिक्कत नहीं होगी और वो समय पर खाने से लेकर बच्चे की दवाओं और सप्लीमेंट का इंतजाम सही से कर पाएगी. बच्चा थोड़ा बड़ा है तो उसको खुद भी चीजें लेने में आसानी होगी.
बच्चों के लिए फिक्स करें समय
कामकाजी महिलाओं के लिए ये बेहद जरूरी है कि वो अपने बच्चे से कम्यूनिकेशन बनाए रखें, ताकि उनके बीच का बॉन्ड कमजोर न हो. जरूरी है कि आप एक ऐसा समय फिक्स करें जब आप और आपका बच्चा खुलकर सारी बातें कर सके. वो आपके साथ कुछ क्वालिटी टाइम बिता सके. आप दोनों साथ में मिलकर खेल सकें. ये छोटीछोटी चीजें आपकी पर्सनल और प्रोफेशनल लाइफ को बैलेंस करने में काफी हेल्प कर सकती हैं.



