Mayawati Assembly Election 2027 Plan BSP Meeting Statment:  के  में बीएसपी की बैठक में बीएसपी सुप्रीमो मायावती ने बड़ा ऐलान करते हुए अकेले चुनाव लड़ने की घोषणा की है।

आपको बता दें पार्टी की ऑल इंडिया बैठक में उन्होंने किसी से गठबंधन न करने की बड़ी घोषणा की है। साथ ही इस बैठक में मायावती ने आकाश आनंद को अपरिपक्व बताया है। उन्होंने कहा कि उन्हें कोई बड़ी जिम्मेदारी नहीं दी जाएगी।

आकाश आनंद को नहीं दी जिम्मेदारी 

बैठक में आकाश आनंद को लेकर भी ने बड़ा बयान दिया। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि आकाश आनंद को पार्टी में काम करने की अनुमति है,। लेकिन फिलहाल उन्हें कोई बड़ी जिम्मेदारी नहीं दी जाएगी।

 

आकाश को परिपक्व होने की जरूरत

मायावती ने बैठक में कहा कि आकाश आनंद को अभी और परिपक्व होने की जरूरत है। इसलिए पार्टी में उन्हें काम करने का मौका तो मिलेगा, लेकिन बड़ी जिम्मेदारी देने का फैसला फिलहाल टाल दिया गया है।

लखनऊ मेंकी ऑल इंडिया बैठक के दौरान मायावती ने पार्टी की आगे की रणनीति को लेकर बड़ा फैसला लिया है। मायावती ने साफ कर दिया कि BSP अब देश में होने वाले सभी छोटेबड़े चुनाव अकेले लड़ेगी। यानी पार्टी चुनावी मैदान में किसी गठबंधन के सहारे उतरने के बजाय अपने दम पर चुनाव लड़ेगी।

 

बैठक में इन चीजों पर फोकस 

बैठक में राष्ट्रीय महासचिव सतीश चंद्र मिश्रा और प्रदेश अध्यक्ष विश्वनाथ पाल समेत कई वरिष्ठ नेता  मौजूद रहे। इस बैठक में 
मायावती ने पार्टी व मूवमेंट से जुड़े पिछले कार्यों की समीक्षा कर कमियों को दूर करने के निर्देश दिए हैं। पार्टी के सभी छोटेबड़े पदाधिकारियों को वार्षिक कार्यों के लिए जरूरी दिशानिर्देशों का ईमानदारी से पालन करने की सख्त हिदायत दी गई हे।

मायावती बोलीं , बहुजन समाज का हित, कल्याण और अस्मिता मेरे लिए सर्वोपरि है। मान्यवर कांशीराम के त्याग, तपस्या और समर्पण की तरह बहुजन मिशन को आगे बढ़ाना लक्ष्य है। उन्होंने कहा कि शोषित वर्ग को शासक वर्ग बनाने का मिशनरी लक्ष्य सर्वोपरि है। इस मिशन को पूरा करने के लिए सत्ता भी जरूरी है। RSS प्रमुख मोहन भागवत के अमेरिका दौरे में कही गई बातों का भी मायावती ने संज्ञान में लिया। उन्होेने आरोप लगाते हुए कहा कि आरएसएस की कथनी और करनी में जमीनआसमान का भारी अंतर है। आरएसएस की विश्वसनीयता को लेकर लोगों में अभाव है। RSS बाबा साहेब के मानवतावादी और समतामूलक संविधान पर पूरी ईमानदारी से अमल करे।

में होने वाले सभी छोटेबड़े चुनाव अकेले लड़ेगी। यानी पार्टी चुनावी मैदान में किसी गठबंधन के सहारे उतरने के बजाय अपने दम पर चुनाव लड़ेगी।