Himachal Se: Bareilly News: उत्तर प्रदेश के बरेली के जिला अस्पताल की इमरजेंसी से जुड़ा एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया. वीडियो में एक बुजुर्ग अपनी बीमार पत्नी को ठेले पर लिटाकर अस्पताल से बाहर ले जाता दिखाई दे रहा है. जाते समय वह अस्पताल की व्यवस्था पर नाराजगी जताते हुए कर्मचारियों और सिस्टम को कोसता नजर आ रहा है. वीडियो सामने आने के बाद लोगों ने स्वास्थ्य सेवाओं पर सवाल उठाने शुरू कर दिए.

जानकारी के मुताबिक, बुजुर्ग अपनी पत्नी को इलाज के लिए जिला अस्पताल लेकर आया था. महिला की हालत काफी खराब बताई जा रही थी. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। बुजुर्ग का आरोप था कि सुबह से अस्पताल में रहने के बावजूद उसकी पत्नी को सही इलाज नहीं मिला और भर्ती करने में भी लापरवाही की गई. काफी देर इंतजार करने के बाद वह निराश होकर पत्नी को वापस घर ले जाने लगा. अस्पताल से बाहर निकलते समय उसे कोई साधन नहीं मिला तो उसने एक ठेला मंगवाया और उसी पर पत्नी को लिटाकर ले गया.
वीडियो में बुजुर्ग यह कहते हुए सुनाई दे रहा है कि अगर इलाज नहीं मिलेगा तो उसकी पत्नी मर जाएगी. उसने गुस्से में यह भी कहा कि अस्पताल में परेशान होने से अच्छा है कि मरीज घर पर ही मर जाए. यह शब्द सुनकर आसपास मौजूद लोग भी भावुक हो गए. कई लोगों ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया, जिसके बाद मामला तेजी से फैल गया.
अस्पताल प्रशासन ने दी सफाई
मामले के वायरल होने के बाद अस्पताल प्रशासन भी हरकत में आ गया. एडी एसआईसी डॉ. आरसी दीक्षित ने पूरे मामले पर सफाई देते हुए कहा कि वीडियो की जानकारी मिलने के बाद स्टाफ से पूछताछ की गई. उनके मुताबिक बुजुर्ग की पत्नी पिछले तीन दिन से अस्पताल में भर्ती थी और उसका इलाज चल रहा था. महिला का ब्लड शुगर काफी बढ़ा हुआ था. शुक्रवार को उसकी सांस फूलने लगी थी, जिसके बाद डॉक्टरों ने उसे हायर सेंटर रेफर करने का फैसला लिया.
डॉ. दीक्षित का कहना है कि बुजुर्ग को रेफर किए जाने की पूरी जानकारी दे दी गई थी. इसी बात से वह नाराज हो गया और खुद रिक्शा लेकर अस्पताल पहुंचा. आरोप है कि उसने डॉक्टरों और स्टाफ को बिना बताए पत्नी को अस्पताल से बाहर ले जाना शुरू कर दिया. इसी दौरान किसी व्यक्ति ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया.
सोशल मीडिया पर लोगों में नाराजगी
हालांकि वीडियो सामने आने के बाद लोग अलगअलग तरह की बातें कर रहे हैं. कुछ लोग अस्पताल प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठा रहे हैं तो कुछ का कहना है कि अगर मरीज की हालत गंभीर थी तो उसे अस्पताल से इस तरह जाने क्यों दिया गया. लोगों का कहना है कि चाहे मामला कुछ भी हो, लेकिन एक बुजुर्ग को अपनी बीमार पत्नी को ठेले पर ले जाने की नौबत नहीं आनी चाहिए थी.
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने नाराजगी जाहिर की. कई लोगों ने सरकारी अस्पतालों की व्यवस्था को लेकर सवाल उठाए. लोगों का कहना है कि गरीब मरीज इलाज के लिए सरकारी अस्पतालों पर भरोसा करते हैं, लेकिन अगर वहां भी उन्हें परेशानी मिलेगी तो वे कहां जाएंगे. फिलहाल अस्पताल प्रशासन पूरे मामले की जांच की बात कह रहा है. वहीं वीडियो ने एक बार फिर सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं की जमीनी हकीकत को लोगों के सामने ला दिया है.



