Parliament Monsoon Session NEET Paper Leak Bill: संसद का मानसून सत्र जारी है। आज विपक्ष NEET पेपर लीक और छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई का मुद्दा  उठाया है. सरकार ने पेपर लीक पर सख्ती को लेकर केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने  ‘सार्वजनिक परीक्षा संशोधन विधेयक, 2026’ बिल लोकसभा में पेश कर दिया है।

गौरतलब है NDA की ओर से भाजपा, TDP, शिवसेना, NCP, अपना दल, LJP और JDU के कुल 9 सांसद बहस में हिस्सा लेंगे। तो वहीं इनमें बांसुरी स्वराज, तेजस्वी सूर्या, शर्मिला सरकार और मिताली बाग शामिल हैं।

एंटी पेपर लीक बिल लोकसभा में पेश

विपक्ष के जोरदार हंगामें के बीच लोकसभा में एंटी पेपर लीक बिल लोकसभा में पेश कर दिया है. तो वही राज्यसभा दोपहर 2 बजे तक स्थगित हो गई है.

विपक्ष के हंगामे के बाद राज्यसभा और लोकसभा की कार्यवाही 12 बजे तक स्थगित

नीट पेपर लीक के बिल को लेकर देशभर में छात्रों पर कार्रवाई के विरोध में विपक्ष ने लोकसभा और राज्यसभा में हंगामा किया है जिसके दोपहर 12 बजे तक स्थगित कर दी गई है।

धर्मेंद्र प्रधान संसद भवन पहुंचे तो NDA सांसदों ने स्वागत किया

लोकसभा में हंगामे के बीच स्पीकर ओम बिरला ने कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में महिलाओं के 48 किग्रा वर्ग में भारत का पहला स्वर्ण पदक जीतने पर मीराबाई चानू को बधाई भी दी। इसके बाद सबसे पहले विपक्षी सांसदों ने संसद परिसर में प्रदर्शन किया। विपक्ष ने कहा है कि जब तक छात्रों पर कार्रवाई के लिए जवाबदेही तय नहीं होती, तब तक वह यह मुद्दा संसद के भीतर और बाहर उठाता रहेगा।

 

#WATCH | Delhi: Former Union Education Minister and BJP MP Dharmendra Pradhan arrives at the Parliament.

BJPNDA MPs sloganeer “Dharmendra Pradhan zindabad” as they receive him here. pic.twitter.com/7DHXIzMkvI

— ANI July 27, 2026

 

डॉ. जितेंद्र सिंह पेश करेंगे बिल

आपको बता दें केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह सदन में यह विधेयक पेश करेंगे। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। इस पर एनडीए की ओर से भाजपा, टीडीपी, शिवसेना, एनसीपी, अपना दल, लोक जनशक्ति पार्टी और जेडीयू सहित कुल नौ सांसद चर्चा में भाग लेंगे। इनमें बांसुरी स्वराज, तेजस्वी सूर्या, शर्मिला सरकार और मिताली बाग प्रमुख रूप से शामिल हैं।

2024 के कानून में होंगे अहम बदलाव

प्रस्तावित संशोधन के तहत 2024 में बने कानून को और अधिक सख्त बनाया जाएगा। पेपर लीक जैसे मामलों में आरोपियों के लिए कड़ी सजा और भारी जुर्माने का प्रावधान किया जाएगा। साथ ही राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को ऐसे मामलों की त्वरित सुनवाई के लिए विशेष फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित करने का अधिकार मिलेगा, जहां रोजाना सुनवाई सुनिश्चित की जाएगी।

पीएम मोदी पहले ही दे चुके हैं सख्त कार्रवाई का संकेत

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 23 जुलाई की रात जारी अपने वीडियो संदेश में कहा था कि पेपर लीक कोई सामान्य अपराध नहीं, बल्कि लाखों छात्रों और उनके परिवारों के भविष्य से जुड़ा गंभीर विषय है। उन्होंने भरोसा दिलाया था कि इस तरह की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए सरकार कठोर कदम उठाएगी। अब उसी दिशा में सरकार संशोधन विधेयक के जरिए कानून को और प्रभावी बनाने की तैयारी कर रही है।