Himachal Se: Ghazipur Kamlesh Chaudhary Encounter: उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले में होटल व्यवसायी विनीत राय हत्याकांड के मुख्य आरोपी कमलेश चौधरी के पुलिस एनकाउंटर के बाद बीते गुरुवार शाम को तनावपूर्ण माहौल बन गया. शव ले जा रहे परिजनों और स्थानीय लोगों की करीब 400500 की भीड़ ने फुल्लनपुर रेलवे क्रॉसिंग के पास पुलिस पर जमकर पथराव कर दिया. यही नहीं आगे खड़ीं महिलाओं ने तो पुलिस को ही खदेड़ लिया. इस दौरान सीओ शेखर सेंगर, सदर कोतवाली प्रभारी प्रमोद सिंह समेत कई पुलिसकर्मी घायल हो गए. सीओ सदर शेखर सेंगर का तो सिर फट गया और वह खून ले लथपथ हो गए. भीड़ की पत्थरबाजी में नंदगंज थानाध्यक्ष अतुल कुमार मिश्रा और उनका हमराही हरकुश पटेल, महिला सिपाही रेशमा और कांस्टेबल गणेश दुबे भी घायल हो गए.

कमलेश चौधरी का एनकाउंटर, पुलिस पर पथराव और CO का सिर फटा… गाजीपुर बवाल की Inside Story, कैसे बिगड़ गए हालात?​
कमलेश चौधरी का एनकाउंटर, पुलिस पर पथराव और CO का सिर फटा… गाजीपुर बवाल की Inside Story, कैसे बिगड़ गए हालात?​

दरअसल, बुधवार रात पुलिस एनकाउंटर में ढेर हुए कमलेश बिंद का शव गुरुवार शाम करीब 7 बजे परिजन 5 किलोमीटर दूर श्मशान घाट ले जा रहे थे. शुरू में घर की महिलाओं ने अर्थी उठाई, फिर लाश को पिकअप वैन में रखा गया. पुलिस फोर्स भी सुरक्षा में थी. मात्र 500 मीटर आगे बढ़ने के बाद फुल्लनपुर रेलवे क्रॉसिंग पर भीड़ ने पिकअप रोका, लाश को उतारकर सड़क पर रख दिया और फर्जी एनकाउंटर का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन शुरू कर दिया.

पुलिस जब भीड़ को शांत कराने आगे बढ़ी तो स्थिति बिगड़ गई. पहले धक्कामुक्की हुई, फिर अचानक चारों तरफ से पत्थर बरसने लगे. हालात इतने खराब हो गए कि पुलिसकर्मियों को अपनी जान बचाने के लिए इधरउधर भागना पड़ा. कुछ जवान पास की बैंक की इमारत में छिपकर बालबाल बचे. पथराव में सीओ के ड्राइवर शशिकांत पांडे की घड़ी टूट गई और उन्हें पीठ व कंधे पर चोटें आईं.

पुलिस ने आखिरकार भीड़ को तितरबितर किया और शव को कस्टडी में लेकर श्मशान घाट पहुंचाया. यहां कमलेश के बड़े भाई संजय कुमार बिंद ने मुखाग्नि दी. अंतिम संस्कार के दौरान संजय फफकफफक कर रो पड़े. पूरे समय महज 810 लोग ही मौजूद रहे. पुलिस अधीक्षक डॉ. ईरज राजा ने बताया कि कुछ शरारती तत्वों ने शव को रोकने और पथराव की घटना को अंजाम दिया. अपराधियों को संरक्षण देने वाले सावधान रहें. हम सभी घायलों का बेहतर इलाज करा रहे हैं. उपद्रवियों की पहचान हो रही है,.कई लोग चिन्हित हो चुके हैं. उनके घरों पर छापेमारी होगी और जरूरत पड़ी तो रासुका भी लगाया जाएगा.

तनाव के बीच भारी सुरक्षा

पथराव करने वाले लोग मौके से फरार हो गए. तनाव को देखते हुए श्मशान घाट और गांव में सदर, करंडा, नंदगांव, जंगीपुर समेत छह थानों की पुलिस तैनात कर दी गई. अन्य थानों से भी अतिरिक्त फोर्स बुलाई गई. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। SP डॉ. ईरज राजा ने स्वयं फोर्स के साथ पैदल मार्च कर स्थिति का जायजा लिया. फिलहाल इलाके में शांति बनी हुई है, लेकिन सतर्कता बरती जा रही है.

बता दें कि 29 मई की रात गाजीपुर में चार बदमाशों ने होटल कारोबारी आलोक राय के बेटे विनीत राय को गोली मारकर हत्या कर दी थी. आलोक राय ने कटरा गैंग के सरगना शंकर पांडे, सोनू यादव, कमलेश चौधरी और मोनू त्रिपाठी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था. 3 जून को पुलिस ने कमलेश चौधरी को एनकाउंटर में मार गिराया. उस पर एक लाख रुपए का इनाम था. शंकर पांडे, सोनू यादव और मोनू त्रिपाठी अभी फरार हैं.

अखिलेश यादव का ट्वीट

वहीं एनकाउंटर के बाद समाजवादी पार्टी अध्यक्ष अखिलेश यादव ने घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए ‘X’ पर लिखा कि, “भाजपा राज में महाभ्रष्ट शासनप्रशासन ने जनता का विश्वास खो दिया है. हत्याओं और एनकाउंटर ने यूपी की छवि को पूरी तरह नकारात्मक बना दिया है. भाजपा खुद अपराधी है.”