Himachal Se: Kalsarp Effects And Remedies: ज्योतिषीय दृष्टि से इस साल 2026 का मई महीना बहुत ही खास माना जा रहा है। ज्योतिष गुरु के अनुसार, मई माह में एक विशेष खगोलीय स्थिति बनने जा रही है, जिसे कालसर्प योग कहा जाता है। बताया जा रहा है कि, इस दौरान राहु और केतु के बीच सभी सात ग्रहों के आ जाने से कई राशियों के जीवन में उतारचढ़ाव बढ़ सकते है। लेकिन इस दौरान 12 राशियों में से 4 राशि वालों को सतर्क रहने की आवश्यकता है।

कालसर्प योग कैसे बनता है?
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जब सभी ग्रह राहु और केतु के बीच आ जाते हैं, तब बनता है। इस साल 2026, 11 मई से 26 मई के बीच राहु कुंभ राशि और केतु सिंह राशि में रहेंगे, वहीं बाकी ग्रह इनके बीच स्थित होंगे। मान्यता है कि इस योग से मानसिक तनाव, भ्रम और कामों में बाधाएं बढ़ सकती हैं, हालांकि इसका प्रभाव हर व्यक्ति की कुंडली पर अलगअलग पड़ता है।
किन राशि वालों को सतर्क रहने की आवश्यकता है?
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कर्क राशि
ज्योतिषयों के अनुसार, 11 मई से बनने वाला यह योग कर्क राशि वालों के लिए थोड़ा मानसिक दबाव बढ़ा सकता है। बताया जा रहा है इस दौरान कर्क राशि वालों को अनजाना डर और चिंता परेशान कर सकती है।
इसके अलावा, नौकरी और कामकाज में भी सतर्क रहने की जरूरत है, क्योंकि छोटीसी बात विवाद का कारण बन सकती है। परिवार में शांति बनाए रखने के लिए अपनी बात सोचसमझकर कहें और गुस्से पर काबू रखें ।
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कुंभ राशि
अगर बात कुंभ राशि वाले जातकों की करें तो, कुंभ राशि पर राहु का सीधा प्रभाव रहने के कारण यह समय थोड़ा अधिक संवेदनशील माना जा रहा है। नौकरी में अस्थिरता, बॉस के साथ मतभेद या काम का दबाव बढ़ सकता है बिजनेस में अचानक खर्च बढ़ने से बजट बिगड़ सकता है इसके अलावा रिश्तों में दूरी और मानसिक बेचैनी महसूस हो सकती है।
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वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों के लिए कालसर्प योग करियर और निजी जीवन दोनों में परीक्षा लेने वाला साबित हो सकता है। कार्यक्षेत्र में विरोधियों से सावधान रहने की जरूरत है। बिजनेस में पार्टनरशिप को लेकर विवाद की स्थिति बन सकती है। इसलिए बेहतर होगा कि, आप सावधान रहें।
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वृषभ राशि
कालसर्प योग के प्रभाव से वालों के लिए भी यह समय थोड़ा चुनौतीपूर्ण रह सकता है। कार्यस्थल पर विरोधी सक्रिय हो सकते हैं, इसलिए हर कदम सोचसमझकर उठाना जरूरी होगा। मेहनत का पूरा परिणाम तुरंत नहीं मिलेगा, जिससे मन उदास हो सकता है। पैसों से जुड़े मामलों में 26 मई तक खास सावधानी रखें। इसके अलावा सेहत पर ध्यान देना चाहिए ।
कालसर्प योग के दौरान क्या करना होता है शुभ?
धर्म शास्त्रों में बताया गया है कि कालसर्प योग के दौरान भगवान शिव की पूजा और महामृत्युंजय मंत्र का जाप करना शुभ माना जाता है। सोमवार के दिन शिवलिंग पर जल और दूध अर्पित करें। राहुकेतु शांति के लिए नाग देवता की पूजा करें और गरीबों को भोजन व काले तिल का दान करें। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। इस दौरान क्रोध, नकारात्मक सोच, बड़े निवेश और विवादों से दूर रहने की सलाह दी जाती है।



