Karnataka News: कर्नाटक के रायचूर स्थित सरकारी ओपेक अस्पताल में कर्मचारियों की गैरजिम्मेदारी और लापरवाही सामने आई है, जबकि इस अस्पताल से मरीजों को अच्छी और गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवाएं प्रदान करने की उम्मीद की जाती है. यहां से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसमें दुर्घटना में घायल हुई और आईसीयू में इलाज करा रही एक महिला के सिर की चोट में कीड़े पाए गए हैं.

महिला के परिवार वालों ने इस घटना पर गहरा आक्रोश व्यक्त किया है. यादगिरी की रहने वाली 30 वर्षीय महेश्वरी 9 अक्टूबर को एक दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल हो गईं. उन्हें तुरंत रायचूर स्थित सरकारी ओपेक अस्पताल के आईसीयू में भर्ती कराया गया, लेकिन उनके परिवार ने गंभीर आरोप लगाए हैं. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। परिवार ने कहा कि पिछले तीन दिनों से किसी विशेषज्ञ डॉक्टर ने महेश्वरी का उचित इलाज नहीं किया.

अस्पताल के कर्मचारियों ने समय किया बर्बाद

शुक्रवार रात को पट्टी बांधने वाले कर्मचारियों ने ठीक से पट्टी नहीं बांधी. नतीजतन, स्कैन के दौरान महिला के सिर की चोट से कीड़े निकले, जिससे परिवार सदमे में है. महेश्वरी की हालत चिंताजनक है. परिजनों ने इस बात पर गुस्सा जाहिर किया कि कर्मचारियों ने उनका समय ये कहकर बर्बाद किया कि विशेषज्ञ डॉक्टर छुट्टी पर हैं. परिवार ने कहा कि अस्पताल के कर्मचारियों में जरा भी इंसानियत नहीं है.

आईसीयू वार्ड में पंखे नहीं, स्थिति दयनीय

महेश्वरी के परिवार वालों ने कहा कि यहां मरीजों को स्कैनिंग के लिए घंटों इंतजार करना पड़ता है. वहीं, आईसीयू वार्ड में पंखे न होने से दयनीय स्थिति है और मरीजों को उनके रिश्तेदार हाथ पंखे से हवा कर हैं. महिला के परिजनों ने कहा कि जिला प्रशासन और संबंधित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी तुरंत हरकत में आएं.

महेश्वरी के परिजनों ने मांग की है कि कर्तव्य में लापरवाही बरतने वाले डॉक्टरों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए. साथ ही, अस्पताल में भर्ती मरीजों को बढ़िया इलाज और सुविधाएं प्रदान की जाएं.