Moradabad News: मुरादाबाद के मझोला थाना क्षेत्र के जयंतीपुर स्थित मियां कॉलोनी में शुक्रवारशनिवार की देर रात हड़कंप मच गया. दरअसल, वार्ड69 की वर्तमान कांग्रेस पार्षद रूबी परवीन के पति और पूर्व पार्षद सद्दाम की संदिग्ध परिस्थितियों में फांसी के फंदे से लटकी लाश मिली. देर रात करीब डेढ़ बजे हुई इस घटना से न केवल परिजनों में चीखपुकार मच गई, बल्कि पूरे शहर और राजनीतिक गलियारों में शोक व सनसनी की लहर दौड़ गई.

2 शादियां, गृहक्लेश और फिर एक दिन… मुरादाबाद में पूर्व पार्षद सद्दाम की फंदे से लटकी मिली लाश​

घटना के तुरंत बाद परिजन सद्दाम को आननफानन में इलाज के लिए पास के अस्पताल ले गए, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. सद्दाम की मौत की खबर आग की तरह फैली और देखते ही देखते उनके निवास पर स्थानीय निवासियों का भारी जमावड़ा लग गया. सूचना मिलते ही पूर्व मंत्री इकराम कुरैशी, शहर कांग्रेस अध्यक्ष जुनैद इकराम सहित कई वरिष्ठ कांग्रेसी नेता व जनप्रतिनिधि देर रात ही मौके पर पहुंचे और शोकाकुल परिवार को ढांढस बंधाया.

2 शादियां और घरेलू कलह: शुरुआती जांच में सामने आई वजह

सद्दाम मूल रूप से पड़ोसी जिले अमरोहा के रहने वाले थे और लंबे समय से मुरादाबाद के जयंतीपुर में रह रहे थे. पुलिस सूत्रों और शुरुआती छानबीन के मुताबिक, इस खौफनाक कदम के पीछे पारिवारिक विवाद और मानसिक तनाव मुख्य वजह मानी जा रही है. सद्दाम ने दो शादियां की थीं और आशंका जताई जा रही है कि दो पत्नियों व पारिवारिक कलह से तंग आकर उन्होंने आत्महत्या जैसा आत्मघाती कदम उठाया.

राजनीतिक सफर: खुद भी रहे पार्षद, पत्नी को भी दिलाई जीत

सद्दाम कांग्रेस संगठन के एक सक्रिय और लोकप्रिय युवा नेता थे. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। पिछले नगर निगम चुनाव में उन्होंने खुद कांग्रेस के सिंबल पर वार्ड69 से ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी. इस बार वार्ड69 पिछड़े वर्ग के लिए आरक्षित हो गया, जिसके बाद उन्होंने अपनी दूसरी पत्नी रूबी परवीन को चुनावी मैदान में उतारा. रूबी परवीन ने चुनाव जीतकर पार्षद पद हासिल किया, जबकि सद्दाम पर्दे के पीछे से क्षेत्र की जनसेवा और राजनीति में लगातार सक्रिय भूमिका निभा रहे थे.

पुलिस कार्रवाई और जांच

घटना की जानकारी मिलने पर मझोला थाना पुलिस बल मौके पर पहुंचा और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों और समय का सटीक खुलासा हो सकेगा. फिलहाल, पुलिस परिजनों के बयान दर्ज कर रही है और घटना के सभी संभावित पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है.