Bahraich News: उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले से पुलिस की कथित बर्बरता का मामला सामने आया है. सुजौली थाना क्षेत्र के एक युवक ने आरोप लगाया है कि शिकायत करने से नाराज पुलिसकर्मियों ने उसे चौकी ले जाकर पट्टे से बेरहमी से पीटा और बाद में शांति भंग की कार्रवाई करते हुए उसका चालान कर दिया. पीड़ित ने मुख्यमंत्री समेत पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई है.

पीड़ित नकी अहमद ने अधिकारियों को दिए शिकायती पत्र में बताया कि गांव के कुछ लोगों की बकरियां उसके खेत में लगे यूकेलिप्टस के पौधों को नुकसान पहुंचा रही थीं. जब उसकी पत्नी रुकसाना ने इसका विरोध किया तो आरोपियों ने उसके साथ मारपीट की. शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बीचबचाव कराया. इसके बाद आरोप है कि दबंग उसकी बाबाकुट्टी स्थित दुकान पर पहुंचे, वहां तोड़फोड़ की और उसके साथ भी मारपीट की.
पुलिस कर्मियों पर पीटने का आरोप
नकी अहमद का कहना है कि उसने घटना की सूचना बाबागंज पुलिस चौकी को दी, लेकिन काफी देर बाद चौकी प्रभारी शिवेश शुक्ला और सिपाही सुनील मौके पर पहुंचे. आरोप है कि दोनों पुलिसकर्मी उसे जबरन चौकी ले गए और वहां पट्टे से उसकी पिटाई की. पीड़ित का दावा है कि मारपीट के कारण वह ठीक से बैठ भी नहीं पा रहा है और उसके शरीर पर चोट के निशान मौजूद हैं.
पीड़ित ने एसपी से लगाई गुहार
पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया कि पुलिस ने उसे न्याय दिलाने के बजाय शांति भंग की कार्रवाई में चालान कर दिया. वहीं, अधिकारियों को गुमराह करने का भी आरोप लगाया गया है. बताया गया कि एएसपी ग्रामीण डीपी तिवारी को चौकी प्रभारी ने यह जानकारी दी कि पीड़ित के खिलाफ मुकदमा दर्ज है, जबकि उपलब्ध जानकारी के अनुसार उसके खिलाफ केवल हरदी थाने में पतिपत्नी के विवाद से जुड़ा एक मामला दर्ज है. पीड़ित का कहना है कि इस मामले का मौजूदा घटना से कोई संबंध नहीं है.
मामले में जांच के आदेश
मामले पर बहराइच के पुलिस अधीक्षक विश्वजीत श्रीवास्तव ने कहा कि पूरे मामले की जांच कराई जाएगी. उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून व्यवस्था से किसी भी तरह का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी.
अनिल तिवारी की रिपोर्ट



