उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले में जारी मूसलाधार बारिश के बीच भोजपुर थाना क्षेत्र के अक्का भिकनपुर गांव में हादसा सामने आया है. यहां लगातार हो रही तेज बरसात के कारण एक किसान का कच्चा मकान अचानक ताश के पत्तों की तरह ढह गया है. यह हादसा इतनी तेजी से हुआ कि घर के अंदर मौजूद परिजनों को बाहर निकलने तक की मोहलत नहीं मिली और पूरा परिवार देखते ही देखते मलबे के बड़े ढेर के नीचे दब गया है.

इमारत गिरते ही हुए भयानक धमाके जैसी आवाज से पूरा इलाका सहम गया है. चारों तरफ धूल का गुबार फैल गया और मलबे के नीचे से बचाओबचाओ की चीखें सुनाई देने लगी हैं. आवाज सुनते ही स्थानीय ग्रामीण तुरंत मदद के लिए घटनास्थल पर पहुंचे हैं. बिना एक पल गंवाए ग्रामीणों ने अपने हाथों से ईंटमिट्टी हटाना शुरू कर दिया है, लेकिन मलबे की विशाल मात्रा के कारण उन्हें भारी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा था. इसी दौरान मामले की जानकारी तुरंत पुलिस प्रशासन को दी गई.

सूचना मिलते ही भोजपुर थाना पुलिस और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ अक्का भिकनपुर पहुंचे हैं. संकरी गलियों और लोगों की भीड़ के कारण शुरुआत में थोड़ी बाधा आई थी, लेकिन पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए स्थिति को नियंत्रित किया और तत्काल रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया है. राहत टीम ने मुस्तैदी दिखाते हुए मलबे को हटाया और काफी मशक्कत के बाद किसान तथा उसके चार मासूम बच्चों को सकुशल बाहर निकाल लिया है. डरेसहमे किसान और बच्चों को मामूली चोटें आई थीं, जिन्हें तुरंत एम्बुलेंस के माध्यम से पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया है.

हालांकि, हादसे में किसान की पत्नी अब भी मलबे के भारी हिस्से के नीचे फंसी हुई हैं, जिन्हें सुरक्षित निकालने के लिए रेस्क्यू अभियान पूरी ताकत से चलाया जा रहा है. मकान का मलबा अत्यधिक और भारी होने की वजह से राहत कार्य में तेजी लाने के लिए मौके पर जेसीबी मशीन बुलाई गई है.

प्रशासनिक टीम जेसीबी की मदद से ईंट, मिट्टी और छत के कंक्रीट के टुकड़ों को बेहद सतर्कतापूर्वक हटा रही है, ताकि दबी हुई महिला को किसी तरह का नुकसान न पहुंचे. प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी खुद मौके पर डटे हुए हैं और पूरे रेस्क्यू ऑपरेशन की सीधी निगरानी कर रहे हैं. परिजनों और ग्रामीणों की निगाहें अब महिला के सकुशल बाहर आने पर टिकी हुई हैं.

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