
Snake Rescue Viral Video: हरियाणा के गुरुग्राम से एक चौंकाने वाला सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहां गढ़ौली कलां गांव में उस वक्त हड़कंप मच गया जब एक घर के बाथरूम में टॉयलेट सीट के नीचे से लगातार फुफकारने की आवाज आने लगी. जब घरवाले अंदर गए और उन्होंने टॉयलेट सीट के आसपास देखा, तो सांप नजर नहीं आया, लेकिन आवाज लगातार आ रही थी. इसके बाद तुरंत वाइल्डलाइफ कंज़र्वेटर (wildlife conservator) अनिल गंडास को बुलाया गया. अनिल ने जब टॉयलेट सीट पर धीरे से टैप किया, तो आवाज और तेज हो गई. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। इसके बाद सीट को तोड़ना पड़ा, जिसके अंदर करीब 6 फीट लंबा बेहद जहरीला ‘स्पेक्टकल कोबरा’ (Cobra) छिपा बैठा मिला. कड़ी मशक्कत के बाद इस खतरनाक सांप का सुरक्षित रेस्क्यू किया गया. विशेषज्ञों के मुताबिक, लगातार होते शहरीकरण और जंगलों के घटने की वजह से सांप भोजन और छुपने की जगह की तलाश में रिहायशी इलाकों का रुख कर रहे हैं, जो मानसून के मौसम में आम बात बन गई है.
क्या है पूरा मामला?
यह सनसनीखेज मामला गुरुग्राम के गढ़ौली कलां गांव का है, जहां एक घर के बाथरूम में अचानक अजीबोगरीब आवाजें आने लगीं. टॉयलेट सीट के अंदर से आ रही लगातार ‘हिसिंग’ की आवाज से परिवार के लोग दहशत में आ गए. काफी ढूंढने पर भी जब सांप नहीं दिखा, तो उन्होंने तुरंत रेस्क्यू टीम को सूचना दी. मौके पर पहुंचे वाइल्डलाइफ एक्सपर्ट ने स्थिति का जायजा लिया और टॉयलेट सीट को तोड़कर अंदर छिपे हुए 6 फीट लंबे जहरीले कोबरा को बाहर निकाला.
बढ़ती आबादी और शहरीकरण का असर
विशेषज्ञ अनिल गंडास के अनुसार, गुरुग्राम और आसपास के इलाकों में तेजी से होते शहरीकरण (urbanisation) और निर्माण कार्यों के कारण सांपों का प्राकृतिक आवास (natural habitat) लगातार सिमट रहा है. जंगलों और खेतों के खत्म होने की वजह से सांपों के लिए भोजन और रहने की जगह कम पड़ गई है, जिसके चलते वे चूहों और अन्य शिकार की तलाश में सीधे इंसानी बस्तियों और घरों के अंदर घुस रहे हैं.
मानसून सीजन में बढ़ता खतरा
बरसात यानी मानसून के मौसम में जमीन के अंदर पानी भर जाने के कारण सांपों के बिल डूब जाते हैं, जिससे वे सुरक्षित ठिकानों की तलाश में बाहर निकलते हैं. पिछले आंकड़ों के मुताबिक, अकेले अगस्त महीने में गुरुग्राम से करीब 70 सांपों का रेस्क्यू किया गया है, जबकि पिछले तीन महीनों में यह आंकड़ा 200 के पार पहुंच चुका है, जो इस खतरे के बढ़ने की ओर साफ इशारा करता है.
सावधानी और बचाव के उपाय
विशेषज्ञों ने लोगों को मानसून के दौरान विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है. घरों में जमीन पर सोने से बचने, मच्छरदानी (mosquito nets) का इस्तेमाल करने और खाने-पीने की चीजों को ढककर रखने की हिदायत दी गई है ताकि चूहे आकर्षित न हों और उनके पीछे-पीछे सांप घरों तक न पहुंच सकें.
सांप काटने पर क्या करें और क्या नहीं?
सांप के काटने की स्थिति में किसी भी तरह के झाड़-फूंक या घरेलू नुस्खों (home remedies) के चक्कर में बिल्कुल नहीं पड़ना चाहिए. ऐसा करने से समय बर्बाद होता है और जान का खतरा बढ़ जाता है. पीड़ित को तुरंत अस्पताल ले जाकर एंटी-वेनम (anti-venom) का इंजेक्शन लगवाना चाहिए ताकि समय रहते जान बचाई जा सके.



