Himachal Se: भीषण गर्मी और लू से बचने के लिए गोंद कतीरा को अमृत’ माना जाता है, जो शरीर को तुरंत ठंडक देता है। गोंद कतीरा एक प्राकृतिक गोंद है जिसे अंग्रेजी में Tragacanth Gum कहा जाता है। यह Astragalus नामक पौधे से प्राप्त होता है जिसकी तासीर ठंडी मानी जाती है, इसलिए गर्मियों में इसका सेवन काफी फायदेमंद माना जाता है। असली गोंद कतीरा हल्के सफेद या क्रीम रंग का होता है। गोंद कतीरा में हल्की खट्टी या सिरके जैसी स्मेल आती है। रात भर पानी में भिगोने पर असली गोंद कतीरा 1015 गुना फूलकर जेली जैसा बन जाता है और पानी सोख लेता है। गोंद कतीरा में प्राकृतिक सॉल्युबल फाइबर पाया जाता है। इसके अलावा इसमें कैल्शियम, आयरन, मैग्नीशियम और फोलिक एसिड जैसे पोषक तत्व भी मौजूद होते हैं। इसका ग्लाइसेमिक लोड कम माना जाता है, इसलिए सीमित मात्रा में डायबिटीज मरीज भी इसका सेवन कर सकते हैं।

Journal of Food Science and Technology में प्रकाशित एक शोध के अनुसार, गोंद कतीरा में ‘एराबिनोगैलेक्टन’ और हाईफाइबर कॉम्प्लेक्स पाए जाते हैं। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। यह पेट में जाकर एक Protective Gel Coat बनाता है, जो गर्मियों में होने वाले पेट के अल्सर, एसिडिटी और सीने की जलन को तुरंत शांत करता है। आयुर्वेदिक और यूनानी दवाओं के एक्सपर्ट डॉक्टर सलीम जैदी ने बताया गोंद कतीरा सेहत के लिए बहुत उपयोगी है लेकिन 90 फीसदी लोग इसे खाने का तरीका नहीं जानते। गर्मी में इसका सेवन धूप, लू और शरीर की गर्मी को कंट्रोल करता है। आइए एक्सपर्ट से जानते हैं कि गोंद कतीरे का सेवन कैसे सेहत पर असर करता है।
गर्मी में हीट स्ट्रोक से बचाव करता है
गोंद कतीरा के हाइड्रेशन और कूलिंग इफेक्ट गर्मी में लू से बचाव करते हैं। क्लिनिकल न्यूट्रिशन रिसर्च के मुताबिक, यह एक बेहतरीन नेचुरल कूलिंग एजेंट है जो पानी को अपने अंदर लंबे समय तक बांधकर रखता है। जब हम इसका सेवन करते हैं, तो यह शरीर के कोर टेम्परेचर को कंट्रोल कर हीट स्ट्रोक से बचाता है। यह शरीर के तापमान को तुरंत कम कर गर्मियों की मार से बचाता है।
एसिडिटी और ब्लोटिंग से देता है राहत
गर्मी में एसिडिटी और ब्लोटिंग बेहद परेशान करती है ऐसे में गोंद कतीरा का सेवन करने से पेट की अंदरूनी परत ठंडी रहती है। इसका सेवन करने से पेट की गैस और खट्टी डकारों का इलाज होता है।
कब्ज का होता है इलाज
जिन लोगों को कब्ज परेशान करता है वो गोंद कतीरा का सेवन करें। इसमें मौजूद सॉल्युबल फाइबर मल को सॉफ्ट बनाता है और सुबह पेट साफ करता है।
स्किन के लिए भी अम़त है गोंद कतीरा
रोजाना पानी में या फिर इसका शरबत बनाकर पीने से स्किन पर ग्लो आता है। इसके एंटीएजिंग गुण गर्मियों में होने वाले कीलमुंहासे, सनबर्न और झुर्रियों को कम करते हैं।
कमजोरी और थकान का करता है इलाज
गर्मी में कमजोरी और थकान लोगों को ज्यादा परेशान करती है ऐसे में आप गोंद कतीरे का सेवन दूध के साथ करें तो बॉडी में इलेक्ट्रोलाइट का बैलेंस रहेगा, एनर्जी बूस्ट होगी,बॉडी को इंस्टेंट एनर्जी मिलेगी और सुस्ती भी दूर होगी।
वजन घटाने में है मददगार
जिन लोगों का वजन ज्यादा है वो गोंद कतीरा का सेवन करें। इसका सेवन करने से भूख कंट्रोल रहती है, मेटाबॉलिज्म दुरुस्त होता है जो वजन घटाने में सबसे ज्यादा मददगार है। इसका सेवन करने के बाद लंबे समय तक भूख नहीं लगती।
महिलाओं और पुरुषों के लिए है टॉनिक
गोंद कतीरा महिलाओं में लिकोरिया की समस्या में शरीर को ठंडक और कमजोरी से राहत देने में मददगार माना जाता है। वहीं पुरुषों में यह शारीरिक कमजोरी, थकान और ऊर्जा की कमी को दूर करने में भी असरदार साबित होता है। नियमित और सीमित मात्रा में सेवन करने पर यह शरीर को ताकत और ताजगी देने में मददगार हो सकता है।
गोंद कतीरे का सेवन करने का सही तरीका
आप जानते हैं कि इसे खाने का गलत तरीका आपकी सेहत को फायदे की जगह नुकसान पहुंचा सकता है। गोंद कतीरा का पूरा लाभ उठाने के लिए कुछ जरूरी सावधानियां बरतना बेहद जरूरी है। इसका सेवन करने के लिए आप रात को सोने से पहले एक गिलास पानी में एक चम्मच गोंद कतीरा भिगो दें। सुबह तक यह फूलकर जेली जैसा बन जाएगा। दिनभर में 12 चम्मच से ज्यादा सेवन नहीं करना चाहिए। ज्यादा मात्रा लेने से गैस, ब्लोटिंग और पाचन धीमा होने जैसी समस्या हो सकती है।
आयुर्वेद के मुताबिक किसे कैसे खाना चाहिए गोंद कतीरा
- आयुर्वेद के मुताबिक जिन लोगों की पित्त प्रकृति है उन्हें ज्यादा गर्मी लगती है, वो इसका सेवन सुबह या शाम में कर सकते हैं।
- वात प्रकृति वाले लोग जिन्हें गैस, ड्राई स्किन और जॉइंट पेन की समस्या रहती है, वो इसका सेवन नाश्ते के साथ कर सकते हैं।
- कफ प्रकृति वाले लोग यानी जो मोटे हैं, सुस्ती या ज्यादा बलगम रहता है ऐसे लोग इसका सेवन सुबह 12 बजे से पहले और कम मात्रा में कर सकते हैं।
गोंद कतीरा लेने का सही समय
गोंद कतीरे का सेवन दिन के 12 बजे करने की सलाह दी जाती है। शाम 3 बजे के बाद इसका सेवन कम करने की सलाह दी जाती है क्योंकि इसकी ठंडी तासीर रात में पाचन को धीमा कर सकती है।
गोंद कतीरा इस्तेमाल करने का तरीका
गोंद कतीरे का सेवन आप शिकंजी के साथ, ठंडे दूध या लस्सी के साथ, दूध, अश्वगंधा और मिश्री के साथ, गुलकंद वाले दूध के साथ, लौकी या चुकंदर के जूस के साथ कर सकते हैं।
डिस्क्लेमर : यह जानकारी सामान्य चिकित्सा शोधों, आयुर्वेदिक सिद्धांतों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की राय पर आधारित है। हर व्यक्ति की शारीरिक तासीर और पाचन तंत्र अलग होता है। यदि आपको सांस की बीमारी , बहुत जल्दी सर्दीखांसी होने की समस्या है, या आप किसी गंभीर दवा पर हैं, तो गोंद कतीरा को अपनी डाइट में शामिल करने से पहले किसी योग्य डॉक्टर या डायटीशियन से परामर्श अवश्य लें।



