Himachal Se: Bijnor Anokhi Shadi: शादी की कई अटपटी खबरें आपने सुनी होंगी. कई ऐसी शादियां आपने देखी भी होंगी. मगर उत्तर प्रदेश के बिजनौर की ये शादी जरा हटके है. इस शादी ने समाज और सोशल मीडिया पर नई बहस छेड़ दी है. यहां के नहटौर इलाके में एक बुजुर्ग जोड़े का तलाक इन दिनों टॉक ऑफ द टाउन बना हुआ है. जिस उम्र में लोग साथ निभाने की कसमें खाते हैं, उस उम्र में 80 साल के शौहर और 75 साल की बेगम ने एकदूसरे से हमेशा के लिए राहें जुदा कर ली हैं. दिलचस्प बात यह है कि यह निकाह महज एक साल पहले ही हुआ था.

80 के दूल्हे और 75 की दुल्हन की ‘शॉर्ट लव स्टोरी’… शादी के एक साल बाद ऐसा क्या हुआ, दोनों ने ले लिया तलाक​
80 के दूल्हे और 75 की दुल्हन की ‘शॉर्ट लव स्टोरी’… शादी के एक साल बाद ऐसा क्या हुआ, दोनों ने ले लिया तलाक​

जानकारी के मुताबिक, नहटौर के ग्राम महमूदपुर निवासी 80 वर्षीय कमरूद्दीन और नगीना देहात की 75 वर्षीय नसीमा खातून, जो बुढ़ापे में एकदूसरे का सहारा बनने के लिए एक हुए थे, अब आपसी विवाद के बाद अलग हो गए हैं. रिश्तों में आई इस कड़वाहट ने पूरे इलाके में चर्चा छेड़ दी है.

मिसाल बना था यह निकाह

मार्च 2025 में जब इन दोनों बुजुर्गों ने परिवार और रिश्तेदारों की रजामंदी से निकाह किया था, तो इसे समाज के लिए एक प्रेरणा माना गया था. यह संदेश गया था कि अकेलेपन को दूर करने के लिए उम्र का कोई भी पड़ाव बाधा नहीं होता. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। दोनों ओर के रिश्तेदारों ने गवाह बनकर इस रिश्ते को आशीर्वाद दिया था.

ये सब बना विवाद की जड़

शादी के कुछ महीनों बाद ही दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया. नसीमा खातून ने अपनी पीड़ा बताते हुए चौंकाने वाले आरोप लगाए. नसीमा का कहना था कि कमरूद्दीन ने निकाह के वक्त वादा किया था कि वह अपनी पोतियों से खाना पकवाकर उन्हें खिलाएंगे, लेकिन हकीकत में वे अलग घर में रह रहे थे. नसीमा ने यह भी आरोप लगाया कि 80 वर्ष की आयु में भी पति उनसे जवानों की तरह काम करवाने की उम्मीद रखते थे. वो रोज उन्हें अपने पास ही सुलाने की जिद करते थे. इन्ही कारणों से नसीमा ने अपनी बेटी के घर वापस जाने का फैसला कर लिया.

मनाने की कोशिशें फेल, आखिर में हुए जुदा

ग्राम प्रधान अबरार के अनुसार, कमरूद्दीन इस रिश्ते को बचाना चाहते थे और उन्होंने नसीमा को मनाने की बहुत कोशिश की. गांव में कई बार पंचायतें भी हुईं और परिजनों ने भी बीचबचाव किया, लेकिन नसीमा अलग होने की जिद पर अड़ी रहीं. अंततः बढ़ते विवाद और पत्नी की नाराजगी को देखते हुए कमरूद्दीन ने भारी मन से तलाक के कागजात पर दस्तखत कर दिए. आपसी सहमति से इस निकाह को खत्म कर दिया गया और नसीमा अपनी बेटी के घर चली गईं.

सहमति से हुए दोनों अलग

ग्राम प्रधान के अनुसार, यह तलाक आपसी सहमति से सामाजिक स्तर पर हुआ है. इस मामले में किसी भी पक्ष ने कानूनी या पुलिसिया कार्रवाई की मदद नहीं ली. जहां एक साल पहले गांव में इस बुजुर्ग जोड़े की शादी की खुशियां मनाई गई थीं, वहीं अब इनके तलाक की खबर ने सबको हैरान कर दिया है.