
जौनपुर। वाहनों के संचालन और सुरक्षा मानकों को लेकर परिवहन विभाग ने अब और भी सख्त रुख अख्तियार कर लिया है। भारत सरकार के दिशा-निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करते हुए सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी प्रवर्तन सत्येंद्र कुमार सिंह ने आदेश जारी किया है। इसके तहत अब बिना हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट वाले वाहनों का प्रदूषण अवमुक्त प्रमाण पत्र जारी नहीं किया जाएगा। एआरटीओ सत्येंद्र कुमार सिंह ने बताया कि यह नई व्यवस्था आगामी 15 अप्रैल से पूरे जनपद में प्रभावी रूप से लागू कर दी जाएगी। इसके बाद बिना एचएसआरपी लगे वाहनों के प्रदूषण प्रमाण पत्र पोर्टल से जनरेट नहीं हो सकेंगे।
उन्होंने जनपद के सभी प्रदूषण जांच केंद्र संचालकों और वाहन स्वामियों को इस संबंध में निर्देश जारी किए हैं। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि सभी वाहन स्वामी भविष्य की असुविधा से बचने के लिए समय रहते अपने वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट लगवाना सुनिश्चित करें।
प्रदूषण जांच केंद्रों के संचालकों को निर्देशित किया गया है कि वे बिना एचएसआरपी लगे वाहनों का प्रदूषण प्रमाण पत्र कतई निर्गत न करें। नियमों के प्रचार-प्रसार के लिए प्रत्येक जांच केंद्र को अपने परिसर के मुख्य स्थान पर एक स्पष्ट और पठनीय सूचना पट्ट लगाना अनिवार्य होगा।
इस बोर्ड पर साफ तौर पर अंकित करना होगा कि 15 अप्रैल के बाद बिना हाई सिक्योरिटी प्लेट वाले वाहनों का पीयूसीसी जारी नहीं किया जाएगा। परिवहन विभाग ने इस नई व्यवस्था में उन वाहन स्वामियों को अस्थायी राहत दी है जिनके वाहन के माडल या निर्माता के लिए वर्तमान में हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट की उपलब्धता तकनीकी रूप से संभव नहीं है।
ऐसे विशिष्ट मॉडलों को फिलहाल इस अनिवार्य व्यवस्था से मुक्त रखा गया है। एआरटीओ ने चेतावनी दी है कि यदि किसी जांच केंद्र द्वारा इन निर्देशों का उल्लंघन किया जाता है तो संबंधित संचालक के विरुद्ध विभागीय नियमानुसार कठोर कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।






