टाटा मोटर्स पैसेंजर व्हीकल्स ने वित्त वर्ष 202627 की पहली तिमाही यानी अप्रैल से जून के नतीजे जारी कर दिए हैं. टाटा मोटर्स के लिए जून तिमाही का नतीजा मिलाजुला रहा. घरेलू कार और EV कारोबार ने मजबूत प्रदर्शन किया, लेकिन JLR की कमजोर बिक्री और बढ़ती लागत ने कंपनी के कुल मुनाफे पर बड़ा असर डाला. इसी वजह से कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 80% घटकर ₹775 करोड़ रह गया. पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी को ₹3,924 करोड़ का मुनाफा हुआ था. मार्च तिमाही के मुकाबले भी मुनाफा कम हुआ है. मार्च में यह ₹5,783 करोड़ था.

दूसरी ओर कंपनी की कुल आय में बढ़ोतरी हुई. जून तिमाही में ऑपरेशनल रेवेन्यू 9% बढ़कर ₹94,827 करोड़ रहा. पिछले साल इसी टाइम में यह ₹87,141 करोड़ था. लेकिन मार्च तिमाही के ₹1,04,923 करोड़ के मुकाबले यह 10% कम रहा. कंपनी के कुल खर्च में भी तेज बढ़ोतरी हुई. जून तिमाही में खर्च 12% बढ़कर ₹95,338 करोड़ पहुंच गया. ईरान युद्ध की वजह से कच्चे माल की कीमत बढ़ने हुई है और कंपनी पर लागत का दबाव बढ़ा है.

घरेलू कार कारोबार ने दिखाया दम

टाटा मोटर्स के घरेलू पैसेंजर व्हीकल कारोबार ने शानदार प्रदर्शन किया है. पहली तिमाही में घरेलू बिक्री की मात्रा 46% बढ़ी. यह ग्रोथ पूरे ऑटो इंडस्ट्री के मुकाबले काफी मजबूत रही. इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री में तो और भी ज्यादा तेजी देखने को मिली. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। कंपनी की घरेलू EV बिक्री 112% बढ़ी. नए इलेक्ट्रिक मॉडल, मजबूत EV पोर्टफोलियो और मांग में सुधार से कंपनी को फायदा मिला. घरेलू पैसेंजर व्हीकल कारोबार का रेवेन्यू भी 64.8% बढ़कर ₹17,900 करोड़ हो गया. हालांकि, विदेशी मुद्रा में बदलाव और महंगी कमोडिटी के कारण इस मजबूत रेवेन्यू ग्रोथ का पूरा फायदा मुनाफे में नहीं दिखा.

JLR की बिक्री में 9% की गिरावट

टाटा मोटर्स के लिए JLR का प्रदर्शन काफी अहम है, क्योंकि यह कारोबार कंपनी की कुल आय में करीब दोतिहाई योगदान देता है. पहली तिमाही में JLR की होलसेल बिक्री 9.2% घट गई. इसकी एक बड़ी वजह एक प्रमुख पार्ट सप्लायर के यहां आग लगने से पैदा हुई अस्थायी सप्लाई समस्या रही. इसके अलावा मिडिल ईस्ट के तनाव और पुराने जगुआर मॉडल की बिक्री बंद करने की प्रक्रिया का भी असर पड़ा. JLR का टैक्स के बाद मुनाफा भी काफी घट गया. हालांकि, JLR के मॉडल मिक्स में सुधार हुआ है. Range Rover, Range Rover Sport और Defender की हिस्सेदारी बढ़कर 80.8% हो गई, जो पिछले साल 77.2% थी. कंपनी ने बताया कि आने वाले महीनों में JLR चार नए इलेक्ट्रिक वाहन लॉन्च करने की तैयारी में है. इससे कंपनी के इलेक्ट्रिक व्हीकल कारोबार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है.