Lakadong Turmeric Benefits: मेघालय की लाकाडोंग हल्दी इन दिनों फिर चर्चा में है। इस बार इसका कारण हैं, केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया। सिंधिया ने हाल ही में ‘मिशन गोल्डन स्पाइस’ की शुरुआत की, जिसका उद्देश्य इस खास हल्दी की खेती, प्रोसेसिंग और वैश्विक पहचान को बढ़ावा देना है।

लाकाडोंग हल्दी में उच्च मात्रा में करक्यूमिन पाया जाता है और यही इसे सामान्य हल्दी से अलग बनाता है।
क्या है लाकाडोंग हल्दी?
लाकाडोंग हल्दी मेघालय के वेस्ट जयंतिया हिल्स क्षेत्र में उगाई जाती है। इसकी खासियत इसमें मौजूद करक्यूमिन की अधिक मात्रा है। सामान्य हल्दी में जहां करक्यूमिन लगभग 2 से 5 प्रतिशत तक होता है, वहीं लाकाडोंग हल्दी में करक्यूमिन 6 से 9 प्रतिशत तक पाया जा सकता है। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। यही वजह है कि इसका रंग अधिक गहरा और सुगंध भी सामान्य हल्दी से अलग होती है।
क्या है करक्यूमिन?
करक्यूमिन हल्दी में पाया जाने वाला एक्टिव कंपाउंड है, जिसे गुणों के लिए जाना जाता है। शोध बताते हैं कि यह शरीर में ऑक्सीडेटिव स्ट्रेस और सूजन को कम करने में मदद करता है। हालांकि, इसके स्वास्थ्य लाभों पर अभी भी कई शोध जारी हैं। विशेषज्ञ मानते हैं कि इसे किसी बीमारी के इलाज का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।
क्या लाकाडोंग हल्दी सामान्य हल्दी से बेहतर है?
विशेषज्ञों के अनुसार, लाकाडोंग की मात्रा अधिक होने के कारण इसके संभावित स्वास्थ्य लाभ सामान्य हल्दी की तुलना में अधिक हो सकते हैं। लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि रोजमर्रा की हल्दी बेअसर है। भारतीय रसोई में इस्तेमाल होने वाली सामान्य हल्दी भी पोषक तत्वों और औषधीय गुणों से भरपूर होती है।
हल्दी का सेवन कैसे करें?
- दाल, सब्जी और करी में हल्दी का उपयोग करें।
- हल्दी वाला दूध पिया जा सकता हैं।
- सूप या हर्बल ड्रिंक में थोड़ी मात्रा में मिलाया जा सकता है।
- करक्यूमिन के बेहतर एब्जॉर्बशन के लिए इसे काली मिर्च और थोड़ी हेल्दी फैट के साथ लेना फायदेमंद माना जाता है।
किन बातों का रखें ध्यान?
विशेषज्ञों के अनुसार, किसी भी चीज का अत्यधिक सेवन नुकसान पहुंचा सकता है। यदि आप गर्भवती हैं, स्तनपान करा रही हैं, गॉल ब्लाडर की समस्या है या ब्लड थिनिंग की दवाएं ले रहे हैं, तो हल्दी या करक्यूमिन सप्लीमेंट लेने से पहले डॉक्टर से सलाह जरूर लें।
क्या है मिशन गोल्डन स्पाइस?
‘मिशन गोल्डन स्पाइस’ का उद्देश्य मेघालय की लाकाडोंग हल्दी को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय बाजार में नई पहचान दिलाना है। इस पहल के तहत किसानों की आय बढ़ाने, बेहतर प्रोसेसिंग, ब्रांडिंग और निर्यात को बढ़ावा देने पर जोर दिया जा रहा है।



