दोहा: कतर के रास लाफान में गैस प्लांट में हुए धमाके में 13 लोगों की मौत की पुष्टि हो गई है। कतर के ऊर्जा मंत्री ने बताया है कि गैस एक्सपोर्ट करने वाले अहम बरजान पोर्ट पर रविवार रात हुए धमाके में कम से कम 13 लोगों की जान गई है। मरने वालों में भारत और पाकिस्तान के नागरिक भी हैं। भारत और पाकिस्तान के लोग बड़े पैमाने पर कतर में काम करते हैं। हालांकि अभी यह साफ नहीं हो सका है कि किस देश के कितने लोगों की जान इस हादसे में गई है।

रविवार रात कतर के मुख्य नेचुरल गैस एक्सपोर्ट टर्मिनल पर धमाका हुआ है। धमाके के बाद आग लग गई और यहां मौजूद कर्मचारी इसकी चपेट में आ गए। हादसे के बाद कतर के गृह मंत्रालय ने बताया कि 18 लोगों के लापता होने और 54 लोगों के घायल होनवे की जानकारी दी। सोमवार शाम को 13 मौतों की जानकारी दी गई है। धमाके से प्लांट को भारी नुकसान हुआ है।
पोर्ट को शुरू करने के दौरान हादसा
रास लाफान इंडस्ट्रियल एरिया में हुए इस धमाके से ग्लोबल एनर्जी मार्केट में और उथलपुथल मच सकती है क्योंकि कतर दुनिया के सबसे बड़े नेचुरल गैस उत्पादकों में से एक है। ईरान के होर्मुज स्ट्रेट बंद करने के बाद कतर ग्राहकों को शिपमेंट नहीं भेज पा रहा था इसलिए उसने अपना प्रोडक्शन बंद कर दिया था। ईरानअमेरिका समझौते के बाद कतर इस एक्सपोर्ट टर्मिनल को फिर से शुरू कर रहा था।
सरकारी एनर्जी कंपनी कतर एनर्जी ने बताया कि रविवार रात को एक्सपोर्ट टर्मिनल को फिर से चालू करने का काम चल रहा था। इसी दौरान बरजान गैस सप्लाई फैसिलिटी में धमाका हुआ और आग लग गई। अधिकारियों ने धमाके की वजह का पता लगाने के लिए जांच शुरू कर दी है। अभी तक यह साफ नहीं है कि यह धमाका किस वजह से हुआ है।
इस कठिन और चुनौतीपूर्ण समय में भारत का दूतावास और कतर में रह रहा पूरा भारतीय समुदाय कतर सरकार और वहां के लोगों के साथ एकजुटता में खड़ा है। हम घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की और लापता लोगों की सुरक्षा के लिए प्रार्थना करते हैं।
क्यों अहम है बरजान
बरजान फैसिलिटी कतर के गैस आधारभूत संरचना का एक अहम हिस्सा है, जिसकी उत्पादन क्षमता लगभग 1.4 बिलियन स्टैंडर्ड क्यूबिक फीट सेल्स गैस प्रतिदिन है। इसका उत्पादन मुख्य रूप से घरेलू बिजली उत्पादन और डिसेलिनेशन प्लांट को चलाने के लिए किया जाता है, जो देश में पानी की आपूर्ति करते हैं।
इस सुविधा का संचालन कतर एनर्जी और अंतरराष्ट्रीय साझेदार मिलकर करते हैं। इसमें बड़ी एनर्जी कंपनी एक्सॉनमोबिल की भी थोड़ी हिस्सेदारी है। दोहा स्थित भारतीय दूतावास ने रास लाफान इंडस्ट्रियल सिटी में रविवार को हुई दुर्भाग्यपूर्ण घटना पर गहरी चिंता व्यक्त की है और कतर सरकार से एकजुटता जताई है। दूतावास ने सहायता और जानकारी के लिए हेल्पलाइन नंबर और ईमेल आईडी जारी की है।



