रिलायंस इंडस्ट्रीज का जियो प्लेटफॉर्म्स आईपीओ बुधवार को शेयर बाजार में लिस्ट हो गया। इस शानदार लिस्टिंग के दौरान रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी भावुक हो गए। समारोह में उनके बेटे अनंत अंबानी और बेटी ईशा अंबानी ने कंपनी के सफर, परिवार के सपनों और जियो की कामयाबी पर बात की। दोनों की बातें सुनते हुए मुकेश अंबानी की आंखों में आंसू आ गए।

यह समारोह रिलायंस ग्रुप के लिए एक अहम पड़ाव रहा। इस दौरान अनंत और ईशा ने बताया कि जियो ने महज 10 साल में किस तरह अपना कारोबार बढ़ाया और करोड़ों लोगों की जिंदगी का हिस्सा बन गया। जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ बीएसई और एनएसई पर 21 फीसदी से कुछ ज्यादा प्रीमियम के साथ 1358 रुपये पर लिस्ट हुआ। इसके साथ ही जियो प्लेटफॉर्म्स रिलायंस इंडस्ट्रीज के बाद देश की दूसरी सबसे मूल्यवान कंपनी बन गई।
रिलायंस रिटेल वेंचर्स की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर और मुकेश अंबानी की बेटी ईशा अंबानी ने अपने संबोधन में परिवार की एक पुरानी याद साझा की। उन्होंने बताया कि कुछ दिन पहले डिनर के दौरान मुकेश अंबानी 1977 के दिनों को याद कर रहे थे। उस समय उनकी उम्र करीब 20 साल थी और वह रिलायंस के पहले पब्लिक इश्यू पर काम कर रहे थे। ईशा के मुताबिक, उनके दादा धीरूभाई अंबानी ने रिलायंस को आम लोगों तक पहुंचाने का फैसला किया था। अब जियो की लिस्टिंग के साथ कंपनी की अगली पीढ़ी उसी सोच को आगे बढ़ा रही है।
ईशा अंबानी ने जियो की वित्तीय कामयाबी का जिक्र करते हुए कहा कि इस साल कंपनी ने करीब 15.5 अरब डॉलर का रेवेन्यू और लगभग 8 अरब डॉलर की वास्तविक कमाई की। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। उन्होंने कहा कि दुनिया में बहुत कम कंपनियां महज 10 साल में इस स्तर तक पहुंच पाती हैं। ईशा ने अपने भाई और रिलायंस जियो के चेयरमैन आकाश अंबानी की मेहनत की भी तारीफ की। उन्होंने कहा कि जियो को खड़ा करने के पिछले 13 साल के सफर में आकाश शायद ही कभी आधी रात से पहले घर पहुंचे हों। ईशा ने कहा कि उन्हें आकाश की बहन होने पर गर्व है। उनके इस बयान ने समारोह में परिवार के आपसी जुड़ाव और कंपनी के निर्माण में लगी मेहनत को सामने रखा।
रिलायंस इंडस्ट्रीज के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर अनंत अंबानी ने अपने भाषण की शुरुआत आभार जताते हुए की। उन्होंने जियो पर भरोसा करने वाले लाखों लोगों को इस उपलब्धि का श्रेय दिया। अनंत ने कहा कि शेयर बाजार में बजने वाली घंटी उनके लिए मंदिर की घंटी जैसी होगी, क्योंकि उनके लिए कारोबार पूजा की तरह है। उन्होंने कहा कि पूजा के बाद प्रसाद सबके साथ बांटा जाता है और आज जियो को भारत के साथ साझा किया जा रहा है।
जियो जून 2026 तक 53.3 करोड़ से ज्यादा ग्राहकों के साथ देश की सबसे बड़ी डिजिटल कनेक्टिविटी कंपनी है। इसका 4G और 5G नेटवर्क भारत की 99% से ज्यादा आबादी तक पहुंचता है। जियोजित के मुताबिक, जियो के 4G और 5G ग्राहकों की संख्या उसके सबसे बड़े प्रतिस्पर्धी से करीब 1.4 गुना है। वित्त वर्ष 2026 में देश के कुल वायरलेस डेटा ट्रैफिक में जियो की हिस्सेदारी करीब 60% रही।
मोबाइल सेवाओं के अलावा होम ब्रॉडबैंड जियो के लिए कमाई का एक और अहम जरिया बन रहा है। केनरा बैंक सिक्योरिटीज के मुताबिक, जियो करीब 3 करोड़ घरों तक ब्रॉडबैंड कनेक्शन पहुंचा चुकी है। इनमें 65 लाख कनेक्शन UBR टेक्नोलॉजी के जरिए दिए गए हैं। कंपनी का नेटवर्क देश के 19,000 पिन कोड तक फैल चुका है और इसकी पहुंच करीब 99% आबादी तक है। वित्त वर्ष 2026 में देश में नए फिक्स्ड ब्रॉडबैंड कनेक्शन जोड़ने में जियो की हिस्सेदारी 67.5% रही। इनमें से 40% नए कनेक्शन टियर1 और टियर2 शहरों से बाहर के इलाकों में जुड़े।
जियो के पास ग्राहक बढ़ाने, मौजूदा ग्राहकों से ज्यादा कमाई करने और नए डिजिटल कारोबार विकसित करने के कई रास्ते हैं। 5G, ब्रॉडबैंड, AI और क्लाउड सेवाएं कंपनी की भविष्य की ग्रोथ को सहारा दे सकती हैं। हालांकि, इन संभावनाओं का वास्तविक फायदा कंपनी की कमाई में कितना दिखेगा, यह टैरिफ बढ़ोतरी, ग्राहकों की संख्या, प्रतिस्पर्धा और नए कारोबार की सफलता पर निर्भर करेगा। निवेशकों को शेयर का मूल्यांकन और कंपनी के वित्तीय नतीजे भी ध्यान में रखने चाहिए।



