
बेंगलुरु पुलिस के हत्थे चढ़ा बिहार का हजरत अली Image Credit source: X/@ChristinMP_
सोशल मीडिया पर व्यूज पाने के लिए अगर कोई अजीब या डरावना काम करता है, तो कानून उसे नहीं छोड़ता. ऐसा ही एक मामला बेंगलुरु से सामने आया है. यहां एक युवक ने AI की मदद से विधानसभा ‘विधान सौध’ को बम से उड़ाने का फर्जी वीडियो बना दिया. वीडियो वायरल होते ही पुलिस हरकत में आई और कुछ ही घंटों में आरोपी को गिरफ्तार कर लिया. जानिए पूरा मामला क्या है.
AI वीडियो से फैलाई दहशत- ‘विधानसभा उड़ा दिया बम से’
ये पूरा मामला तब सामने आया जब बेंगलुरु पुलिस की सोशल मीडिया टीम की नजर इंस्टाग्राम पर वायरल हो रहे एक वीडियो पर पड़ी. ये वीडियो @jnx_king_h_g नाम के इंस्टाग्राम अकाउंट पर डाला गया था. वीडियो की शुरुआत में कर्नाटक विधानसभा की इमारत ‘विधान सौध’ दिखती है. इसके बाद AI की मदद से इमारत में जोरदार धमाका होते हुए दिखाया गया. वीडियो के साथ कैप्शन लिखा था- विधानसभा उड़ा दिया बम से. इस फर्जी और डरावने वीडियो ने सोशल मीडिया पर तेजी से दहशत फैला दी.
ऐसे शिकंजे में आया आरोपी
वीडियो सामने आते ही विधान सौध पुलिस स्टेशन में तुरंत FIR दर्ज की गई. साइबर सेल ने IP एड्रेस और डिजिटल सबूतों की मदद से इंस्टाग्राम अकाउंट को ट्रेस किया और मुख्य आरोपी हजरत अली शोएब को गिरफ्तार कर लिया. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। वह मूल रूप से बिहार के अररिया जिले का रहने वाला है. पूछताछ में पता चला कि हजरत अली पिछले कुछ महीनों से बेंगलुरु में ही रह रहा था और पाइप फिटर का काम करता था.
पुलिस कर रही पूछताछ, क्यों बनाया ऐसा वीडियो?
फिलहाल बेंगलुरु पुलिस आरोपी हजरत अली को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है. पुलिस पता लगा रही है कि उसने सिर्फ लाइक्स और व्यूज के लिए ये वीडियो बनाया था या इसके पीछे कोई बड़ी साजिश है. साथ ही ये भी जांच की जा रही है कि इस AI वीडियो को बनाने में किसी और ने उसकी मदद की थी या नहीं.
Bengaluru Police arrested a 25-year-old Bihar native for allegedly creating & posting an AI-generated video depicting a bomb blast at Vidhana Soudha on Instagram.
The video, posted on Tuesday, showed an explosion at the state legislature building. Police registered an FIR & traced the account using digital clues.
The accused, a daily-wage pipe fitter, is in police custody. Investigators are probing his motive & possible involvement of others.
— ChristinMathewPhilip (@ChristinMP_) October 21, 2026



