उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले पर बुधवार को कहा कि लगभग 150 लोग अयोध्या मंदिर में चढ़ावे की काउंटिंग में हैं. ट्रस्ट ने एक सिफारिश की कि हमें कुछ जानकारी मिली कि चढ़ावे के पैसे में चोरी हो रही है, एसआईटी गठित की जानी चाहिए. सीएम ने कहा कि हमने एक एसआईटी गठित की, जांच किया और प्रमाण मिला कि सिर्फ 6 लोग इसमें चोरी करते पाए गए और दो लोग इसमें साजिश का पार्ट थे यानी कुल 8 लोग इसमें शामिल थे.

दरअसल, सीएम योगी चित्रकूट में 950 करोड़ रुपये से ज्यादा की परियोजनाओं का उद्घाटन करने पहुंचे थे और उद्घाटन के बाद एक सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि ‘एसआईटी ने अपनी सिफारिश ट्रस्ट को दी, ट्रस्ट ने उसके अनुसार एफआईआर दर्ज करवाई, कार्रवाई हो गई. फिर इसमें पूरे ट्रस्ट को बदनाम करने, पूरे अयोध्या पर उंगली उठाने, प्रभु श्रीराम की विरासत को अपमानित करने का औचित्य कहां से आता है. लेकिन लगता है कांग्रेस और समाजवादी पार्टी ने पूरे भारत के आस्था को आहत करने, प्रहार करने का ठेका ले लिया है’.

समाजवादी पार्टी पर बरसे CM योगी

सीएम योगी ने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर निशाना साधते हुए कहा कि ‘आज के समाजवादी राम से दूरी बनाते हैं. राम के प्रति उनकी आस्था नहीं है. जब ये लोग विरासत का सम्मान नहीं कर सकते तो विकास कैसे करेंगे. देख सपाई बिटिया घबराई, सपा की ये पहचान बन गई थी. जो जन्मजात अयोध्या को कोसते थे, उनको एक मुद्दा मिल गया. पहले कहते थे कि राम काल्पनिक हैं. राम और कृष्ण काल्पनिक हैं, तो अयोध्या, चित्रकूट क्या है…बरसाना, पंचवटी क्या है. हमारे प्रभु को काल्पनिक बोलते हैं. राम और अयोध्या को बदनाम करने का ठेका सपाकांग्रेस ने ले लिया है’.

वक्फ पर भी साधा निशाना

सीएम ने वक्फ को लेकर भी निशाना साधा. उन्होंने कहा, ‘पैसाटैक्स आपका, आपकी जमीन को कब्रिस्तान के नाम पर दर्ज करा देते थे. वक्फ के नाम पर हजारों एकड़ लैंड कब्जा ली. वक्फ के नाम पर हजारों एकड़ लैंड बेच दी गई. ये सीधेसीधे डकैती थी. इन लोगों के दोहरे चरित्र को देखकर गिरगिट भी शरमा रहा होगा’.