ओमानी को-पायलट का खुलासाः यहां घुसाना चाहता थ प्लेन-जानकर उडे होश

दुबई: बीते महीने, सितंबर के आखिर में यूएई से इजरायल जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में हुई घटना के मामले नया दावा सामने आया है। इसमें कहा गया है कि कॉकपिट में भारतीय कैप्टन पर हमला करने वाला ओमानी को-पायलट प्लेन को तेल अवीव की ऊंची इमारत से टकराना चाहता था। आरोपी को-पायलट की कोशिश फ्लाइट का कंट्रोल हासिल करने के बाद प्लेन को इजरायली इमारत से क्रैश कर अमेरिका के 9/11 जैसा हमला दोहराना था।

इटैलियन अखबार कोरिएरे डेला सेरा की रिपोर्ट में 30 सितंबर को फ्लाइट में मची अफरातफरी का ब्योरा दिया गया है। यह सब तब शुरू हुआ जब पायलटों ने सिक्योरिटी चेक पास किया और यात्रियों ने फ्लाइट में चढ़ना शुरू किया। रिपोर्ट में कहा गया है कि को-पायलट के व्यवहार में कुछ भी संदिग्ध नहीं था, जिसकी पहचान 29 साल के हम्माम अल-हम्मामी के तौर पर हुई है। उसके पिता ओमानी और मां सीरिया से है। अल हम्मामी फिलहाल यूएई की हिरासत में है।

दोनों इंजन बंद करने की कोशिश
रिपोर्ट के मुताबिक, अल-हम्मामी ने कुल्हाड़ी से कैप्टन मच्छार को मारने और प्लेन को क्रैश करने की कोशिश की। उसने पहले योक (कंट्रोल व्हील) पर अपना कंट्रोल किया और फिर दोनों इंजन बंद करने की कोशिश की। मच्छार ने समय रहते कॉकपिट का दरवाजा खोला और एक बड़े एविएशन हादसे को टाल दिया। उन्होंने बाकी क्रू की मदद से प्लेन को सुरक्षित किया और स्थिति को काबू में किया।

इजरायली खुफिया एजेंसी के हवाले से रिपोर्ट में कहा गया है कि अल-हम्मामी ने कैप्टन को मारकर फ्लाइट का कंट्रोल अपने हाथ में लेने का प्लान बनाया था। वह इसे तेल अवीव की ऊंची इमारतों से टकराना चाहता था। उसने इतनी तेजी से काम करने का प्लान बनाया था कि फाइटर जेट्स को प्लेन को रोकने का समय ना मिले, यहां तक कि अधिकारियों को बातचीत शुरू करने का भी मौका ना मिले।

अल-हम्मामी की जांच जारी
अल-हम्मामी के अतीत और कट्टरपंथी विचारों की फिलहाल जांच हो रही है, जिस पर कॉकपिट के अंदर इमरजेंसी कुल्हाड़ी से मच्छार पर हमला करने और प्लेन क्रैश करने की कोशिश का आरोप है। इसमें विमान 174 यात्री और छह क्रू मेंबर यानी कुल 180 लोग सवार थे। विमान में सवाल यात्री इजरायल के थे, जो यूएई से आ रहे थे। कुछ क्षणों के लिए इन सभी यात्रियों की जान संकट में आ गई थी।

हम्मामी के हमले के चलते विमान हवा में गिरने लगा था। फ्लाइट 30 सेकंड में करीब 16,000 फीट नीचे गिर गई थी। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। इसी दौरान घायल भारतीय पायलट स्मित ने कॉकपिट को खोलकर क्रू और कुछ यात्रियों को बुलाया। उन्होंने को-पायलट को काबू में किया और प्लेन को स्थिर किया। इसके बाद प्लेन की सऊदी अरब के तबुक में इमरजेंसी लैंडिंग कराई गई, जहां से यात्रियों को तेल अवीव ले जाया गया।