गुड्स एंड सर्विस टैक्स यानी जीएसटी से संबंधित मामलों की सबसे बड़ी बॉडी जीएसटी काउंसिल की 57वीं बैठक अब सात अक्टूबर के बजाय आठ अक्टूबर को होगी. जीएसटी काउंसिल सचिवालय ने एक कार्यालय ज्ञापन में कहा कि अपरिहार्य परिस्थितियों के कारण बैठक की तारीख बदल दी गई है. पहले यह बैठक सात अक्टूबर को होने वाली थी. बैठक की तारीख में दूसरी बार बदलाव हुआ है. शुरू में यह बैठक 12 सितंबर को होने वाली थी, लेकिन ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के कारण इसे सात अक्टूबर के लिए टाल दिया गया था. नयी दिल्ली में 1213 सितंबर को ब्रिक्स सम्मेलन हुआ था. केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण की अध्यक्षता वाली जीएसटी परिषद की बैठक में पंजीकरण, रिटर्न दाखिल करने और रिफंड की व्यवस्था में बदलाव पर चर्चा होने का अनुमान है.

एक साल से ज्यादा समय बाद होगी मीटिंग

यह काउंसिल की एक साल से ज्यादा समय में पहली बैठक होगी. 3 और 4 सितंबर, 2025 को हुई 56वीं बैठक में GST 2.0 में बड़े बदलावों को मंज़ूरी दी गई थी. इन बदलावों से रेट स्ट्रक्चर आसान हुआ और कुछ खास डिमेरिट और लग्ज़री सामानों के लिए 40 प्रतिशत का स्पेशल रेट लागू किया गया, जिसने इन चीजों पर पहले लागू 28 प्रतिशत स्लैब और कंपनसेशन सेस की जगह ले ली. काउंसिल की अध्यक्षता केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण करती हैं और इसमें सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के वित्त मंत्री शामिल होते हैं. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। 57वीं बैठक का एजेंडा अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है.

किन मुद्दों पर हो सकती है चर्चा

सूत्रों के मुताबिक, परिषद जीएसटी संबंधी अपराधों को अपराध की श्रेणी से बाहर करने, जीएसटी अधिकारियों की गिरफ्तारी की शक्तियां खत्म करने और ईकॉमर्स आपूर्तिकर्ताओं सहित कारोबारियों के लिए कर अनुपालन आसान बनाने से जुड़े व्यापक प्रक्रियागत सुधारों पर विचार कर सकती है. परिषद जीएसटी से जुड़े विवादों के समाधान के लिए नीतिगत सुधारों और इनपुट टैक्स क्रेडिट के प्रवाह को बेहतर बनाने के उपायों पर भी विचार करेगी. इसका मकसद अनुपालन में लगने वाले समय और लागत को कम करना है.