
Kaushambi Murder Case: कौशांबी l उत्तर प्रदेश के कौशांबी जिले में करीब 15 साल पहले भाभी के साथ अफेयर के लिए पत्नी की हत्या के मामले में अदालत ने बड़ा फैसला सुनाया है. कोर्ट ने पति धर्मेंद्र तिवारी उर्फ पप्पू को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है. इसके साथ ही उस पर 23 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है.
पति का भाभी के साथ अवैध सम्बन्ध
पूरा मामला सैनी थाना क्षेत्र के सौरई बुजुर्ग गांव का है. 2 सितंबर 2011 को यह वारदात हुई थी. सैनी थाना क्षेत्र के सौरई बुजुर्ग गांव के रहने वाले धर्मेंद्र तिवारी उर्फ पप्पू ने पत्नी अनामिका की हत्या कर दी थी. दरअसल, आरोपी पति का उसकी भाभी के साथ अवैध सम्बन्ध था. जिसका अनामिका विरोध करती थी.
विरोध करने पर पत्नी को रास्ते से हटाया
इसी को लेकर पति पत्नी के बीच झगड़ा होता रहता था. वह भाभी के साथ अवैध सम्बन्ध रखना चाहता था. जिसके लिए उसने साजिश रची. धर्मेंद्र अपनी पत्नी को इलाज कराने के लिए सिराथू ले गया था. साजिश के तहत सिराथू से लौटने के दौरान उसने बदमाशों को बुलाया और अनामिका की हत्या करा दी.
इसके बाद उसने खुद पुलिस को इसकी सूचना दी और पुलिस को गुमराह करने के लिए लूट और पत्नी के अपहरण की झूठी कहानी रच दी. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। हालाँकि मृतका के भाई ने धर्मेंद्र पर प्रताड़ना समेत कई गंभीर आरोप लगाए थे. पुलिस ने मामले की जांच की जिसमे तमाम सबूतों के आधार पर इसका खुलासा हो गया.
कोर्ट ने सुनाई आजीवन कारावास की सजा
2011 से यह मुकदमा कौशांबी की जनपद अदालत में विचाराधीन था. पप्पू के खिलाफ न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया गया था. मामले में अब सुनवाई हुई है. जिला न्यायाधीश बद्री विशाल पांडेय ने दलीलें सुनने, गवाहों के बयान दर्ज करने और प्रस्तुत साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद आरोपी को सजा सुनाई है.
जिला न्यायाधीश बद्री विशाल पांडेय ने आरोपी धर्मेंद्र तिवारी को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है. साथ ही 23 हजार रुपए जुर्माना भी लगाया है.



