जम्मू-कश्मीर में सरकारी नौकरी के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों से पिछले 3 वित्तीय वर्षों में 114 करोड़ से ज्यादा की आवेदन फीस जमा की गई है. विधानसभा में पेश सरकारी आंकड़ों में यह जानकारी पता चली.

Jammu & Kashmir News: जम्मू-कश्मीर में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों से पिछले तीन साल में भर्ती परीक्षाओं की आवेदन फीस के तौर पर 114 करोड़ रुपए से ज्यादा जमा किए गए हैं. यह जानकारी जम्मू-कश्मीर विधानसभा के हाल ही में खत्म हुए ऑटम सेशन के दौरान सरकार की ओर से पेश किए गए आंकड़ों में सामने आई है. यह रकम जम्मू-कश्मीर पब्लिक सर्विस कमीशन (JKPSC) और जम्मू-कश्मीर सर्विस सिलेक्शन बोर्ड (JKSSB) ने अलग-अलग सरकारी नौकरियों के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों से जुटाई है.
3 साल में 114 करोड़ रुपए जमा
विधानसभा में एक सवाल के जवाब में सरकार ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के दौरान दोनों भर्ती एजेंसियों ने आवेदन फीस के तौर पर कुल करीब 114 करोड़ रुपये जमा किए. सरकारी आंकड़ों के मुताबिक, JKSSB ने इस अवधि में विज्ञापित 11,003 नॉन-गजेटेड पदों के लिए उम्मीदवारों से आवेदन शुल्क के रूप में करीब 89.50 करोड़ रुपए जमा किए. वहीं, JKPSC ने तीन साल में 4,961 पदों के लिए विज्ञापन जारी किए और उम्मीदवारों से करीब 24.43 करोड़ रुपए आवेदन शुल्क के तौर पर प्राप्त किए.
विज्ञापित सरकारी नौकरियों में आई बड़ी गिरावट
विधानसभा में पेश आंकड़ों से यह भी पता चलता है कि हाल के वर्षों में दोनों भर्ती एजेंसियों की ओर से विज्ञापित पदों की संख्या में काफी कमी आई है. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। JKPSC की ओर से वित्तीय वर्ष 2023-24 में 2,586 पदों के लिए विज्ञापन जारी किए गए थे. यह संख्या 2024-25 में घटकर 1,400 रह गई. इसके बाद 2025-26 में इसमें और बड़ी गिरावट आई और केवल 357 पदों का विज्ञापन जारी किया गया.
JKSSB के पदों में भी गिरावट
जम्मू-कश्मीर सर्विस सिलेक्शन बोर्ड के आंकड़ों में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिला. JKSSB ने 2023-24 में 4,228 पदों के लिए भर्ती विज्ञापन जारी किया था. 2024-25 में यह संख्या बढ़कर 5,044 हो गई. हालांकि, 2025-26 में विज्ञापित पदों की संख्या घटकर सिर्फ 1,731 रह गई.
कौन करता है किस पद पर भर्ती?
जम्मू-कश्मीर में सरकारी भर्तियों के लिए JKPSC और JKSSB की अलग-अलग भूमिका है. जम्मू-कश्मीर पब्लिक सर्विस कमीशन (JKPSC) मुख्य रूप से गजेटेड पदों पर भर्ती करता है, जबकि जम्मू-कश्मीर सर्विस सिलेक्शन बोर्ड (JKSSB) नॉन-गजेटेड पदों के लिए भर्ती प्रक्रिया संचालित करता है.
विधानसभा में पेश ये आंकड़े ऐसे समय सामने आए हैं, जब सरकारी नौकरियों की तैयारी कर रहे युवाओं के बीच भर्ती प्रक्रिया और उपलब्ध पदों को लेकर लगातार चर्चा बनी हुई है. आंकड़ों से एक तरफ आवेदन फीस के रूप में बड़ी रकम जमा होने की जानकारी सामने आती है तो दूसरी तरफ हाल के वित्तीय वर्ष में विज्ञापित सरकारी पदों की संख्या में भारी गिरावट भी दिखाई देती है.



