उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह की पुण्यतिथि पर लखनऊ में आयोजित एक कार्यक्रम में सीएम योगी आदित्यनाथ ने उनके योगदान को याद किया और कहा कि जिन लोगों के लिए ‘राष्ट्र सर्वोपरि’ है और भारत के शाश्वत मूल्य और आदर्श सबसे ऊपर हैं, उनके लिए ‘बाबू जी’ हमेशा प्रेरणा के स्रोत और यादों में बसे रहेंगे. डबलइंजन सरकार उनके सपनों को साकार करने में कोई कसर नहीं छोड़ेगी. उन्होंने आगे कहा कि ‘बाबूजी’ कल्याण सिंह दबाव में काम करने वालों में से नहीं थे. वो कहा करते थे कि ‘कल्याण सिंह टूट तो सकता है, पर झुक नहीं सकता. उन्होंने जीवन भर इस वचन का पालन किया.

सीएम ने कहा, ‘बाबूजी कल्याण सिंह ने भारत के सनातन मूल्यों की रक्षा करते हुए श्री अयोध्या धाम में श्री राम मंदिर के निर्माण का मार्ग प्रशस्त किया. सनातन धर्म के हर अनुयायी का यह कर्तव्य है कि वह उनके प्रति सम्मान का भाव रखे’. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। अपने संबोधन के दौरान सीएम योगी ने विपक्ष पर भी निशाना साधा और आरोप लगाया कि कल्याण सिंह के निधन के बाद समाजवादी पार्टी के नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि तक नहीं दी.

‘गिरगिट की तरह रंग बदलते हैं’

उन्होंने कहा कि किसी से राजनीतिक मतभेद अलग विषय हो सकता है, लेकिन किसी वरिष्ठ नेता के निधन पर उन्हें श्रद्धांजलि देना एक सामान्य शिष्टाचार और लोकतांत्रिक परंपरा का हिस्सा होता है. सीएम योगी ने समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि ये वो लोग हैं जो गिरगिट की तरह रंग बदलते हैं. इन्होंने पहले ‘P’ का मतलब ‘पिछड़ा’ बताया, फिर उसे ‘पंडित’ बना दिया. किसी दिन ये ‘P’ का मतलब ‘पाकिस्तान’ भी बता देंगे.

सीएम योगी का सपा पर आरोप

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि कल्याण सिंह के निधन पर कई राजनीतिक दलों के नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि दी थी. उन्होंने बसपा प्रमुख मायावती का उदाहरण देते हुए कहा कि वह भी कल्याण सिंह को श्रद्धांजलि देने पहुंची थीं. साथ ही उन्होंने सपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि समाजवादी पार्टी के नेताओं ने न तो कल्याण सिंह की अंतिम यात्रा में हिस्सा लिया और न ही सार्वजनिक रूप से उनके निधन पर श्रद्धांजलि व्यक्त की. उन्होंने इसे सिर्फ कल्याण सिंह का अपमान नहीं, बल्कि उनके सामाजिक समुदाय और सनातन परंपरा से जुड़े लोगों का भी अपमान बताया.

संस्थानों के नाम बदलने के मुद्दे का किया जिक्र

सीएम योगी ने अपने संबोधन में सरकारी संस्थानों के नाम बदले जाने को लेकर भी विपक्ष पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि कन्नौज में डॉ. भीमराव अंबेडकर के नाम पर बने अस्पताल का नाम बदल दिया गया था. इसी तरह उन्होंने मैनपुरी में अहिल्याबाई होलकर के नाम से संचालित कॉलेज का नाम बदले जाने का भी दावा किया. सीएम ने कहा कि देश और समाज के निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले महापुरुषों का सम्मान किया जाना चाहिए. उनके नाम पर बने संस्थानों के नाम राजनीतिक हितों के आधार पर बदलना उचित नहीं है.