Global Sikhs के साथ मिलकर Assam में राहत कार्य कर रहे हैं Randeep Hooda, गुरुद्वारे में की प्रार्थना
✍️ hellohimachalse@gmail.com📅 August 2, 2026🕐 2 hours ago👁 1 views
बॉलीवुड एक्टर रणदीप हुड्डा इस समय असम के शिवसागर जिले में हैं। वह एक एनजीओ के जरिए बाढ़ से परेशान लोगों तक राहत सामग्री पहुंचाने के काम में हिस्सा ले रहे हैं। शनिवार को रणदीप ने ‘ग्लोबल सिखों’ संस्था के साथ मिलकर बाढ़ से प्रभावित लोगों को राशन और बाकी जरूरी सामान बांटा। ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। आपको बता दें कि असम में बाढ़ की वजह से अब तक 82 लोगों की जान जा चुकी है और लाखों लोग बेघर हो चुके हैं।
पानी भरा रहा तो बीमारियां फैलने का डर
रविवार को शिवसागर में राहत काम के दौरान रणदीप हुड्डा ने बताया कि इलाके में पानी अभी भी बहुत गहरा है। बाढ़ आए 10 दिन हो चुके हैं, लेकिन कई परिवार अभी भी पानी में फंसे हुए हैं। उन्होंने बताया, ‘हमने जरूरी सामान बांटा है। दूरदराज के इलाकों में लोग काफी परेशान हैं। कई घरों में कीचड़ भर गया है और अगर पानी जल्द नहीं निकला, तो बीमारियां फैलने का बड़ा खतरा है।’ उन्होंने आगे बताया कि ‘ग्लोबल सिखों’ की टीम हफ्ते भर से यहां काम कर रही है। जिन लोगों के बर्तन और जरूरी चीजें बह गई हैं, उन्हें वे सामान पहुंचाए जा रहे हैं।
#WATCH | Sivasagar, Assam: On flood relief work, Actor, Randeep Hooda says, “… The water is still very deep. It has been 10 days since the flood, but many families are still stranded in the water in several places. We distributed essential items and returned. Many people in… pic.twitter.com/ZBAwYZ8nfl
शनिवार को रणदीप हुड्डा ने शिवसागर रेलवे स्टेशन पर रह रहे बेघर लोगों को जरूरत का सामान दिया। इसके बाद उन्होंने शिवसागर के गुरुद्वारा साहिब जाकर असम के लोगों की सलामती और भलाई के लिए प्रार्थना भी की।
इंसानियत सबसे ऊपर है
रेलवे स्टेशन पर लंगर का खाना बांटते हुए रणदीप हुड्डा ने मीडिया से कहा कि पास के इलाकों से कई परेशान परिवार यहां आकर ठहरे हुए हैं। वे लोग खाना बनाकर पिछले सात दिनों से हर रोज यहां ला रहे हैं। रणदीप ने कहा, ‘इंसानियत सबसे ऊपर है। मैं काफी समय से ‘ग्लोबल सिखों’ की टीम के साथ काम कर रहा हूं और उनका काम बहुत बेहतरीन है। मैं सभी लोगों से अपील करता हूं कि वे जरूरत मंदों की मदद के लिए आगे आएं। एक इंसान होने के नाते दूसरों की मदद करना हमारा फर्ज है।’