Patna News: बिहार की राजधानी पटना के रानीतालाब थाना क्षेत्र अंतर्गत जीतन छपरा गांव से एक बेहद खौफनाक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. यहां 22 वर्षीय सिरफिरे बड़े भाई अजीत कुमार ने अपने ही डेढ़ साल के मासूम छोटे भाई मनीष उर्फ हनुमान की मंदिर में ले जाकर बेरहमी से हत्या कर दी. आरोपी ने दबिया से मासूम की गर्दन धड़ से अलग कर दी और फिर सिर, धड़ व खून से सने हथियार को गमछे में लपेटकर घर ले जाकर अपनी मां को सौंप दिया. ये खबर आप हिमाचल से में पढ़ रहे हैं। घटना के बाद भागने की कोशिश कर रहे आरोपी को ग्रामीणों ने दबोचकर पुलिस के हवाले कर दिया.

पुलिस जांच और परिजनों के अनुसार, खौफनाक वारदात को इस तरह अंजाम दिया गया. आरोपी अजीत कुमार ने अपनी मां की गोद से छोटे भाई मनीष उर्फ हनुमान को यह कहकर लिया कि वह उसे सड़क पर घुमाकर लाता है. घर से 200 मीटर दूर स्थित देवी मंदिर ले जाकर आरोपी ने मां दुर्गा की प्रतिमा के सामने नारियल फोड़ने वाले पत्थर पर मासूम की गर्दन रखी और दबिया से वार कर सिर धड़ से अलग कर दिया. हत्या के बाद आरोपी घबराया नहीं. उसने सिर, धड़ और दबिया को गमछे में लपेटा और घर पहुंचकर मां को थमा दिया. बेटे के कटे सिर को देखकर मां रोनेचीखने लगी.

नशे का आदी है आरोपी अजीत, ग्रामीणों ने दबोचा

पुलिस और स्थानीय लोगों ने मौके से ही आरोपी को गिरफ्तार करवाया. आरोपी अजीत पोकलेन मशीन चलाता है और अविवाहित है. तीन भाइयों में अजीत सबसे बड़ा है, उससे छोटा लक्ष्मण और सबसे छोटा मासूम मनीष था. ग्रामीणों व परिजनों के अनुसार आरोपी अजीत भारी मात्रा में शराब, गांजा और स्मैक जैसे नशीले पदार्थों का आदी है. मां को शव सौंपकर जब अजीत भागने लगा, तो चीखपुकार सुनकर इकट्ठा हुए ग्रामीणों ने उसे दौड़ाकर पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया.

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घटना की सूचना मिलते ही पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी. पालीगंज एसडीपीओ पंकज कुमार शर्मा ने बताया कि आरोपी अजीत को गिरफ्तार कर लिया गया है और हत्या में इस्तेमाल दबिया बरामद कर लिया गया है. पुलिस ने एफएसएल और फॉरेंसिक जांच के लिए मंदिर परिसर को सील कर दिया है. शुरुआती जांच के आधार पर पुलिस फिलहाल इसे नरबलि का मामला नहीं मान रही है. पुलिस आरोपी के नशे की हालत और मानसिक स्थिति समेत अन्य पहलुओं पर गहनता से पूछताछ कर रही है.